वार्तालाप के दौरान चंद्रशेखर ने कहा कि सरकार भय का माहौल बनाना चाहती है। चंद्रशेखर ने कहा कि उन पर हमला भी सरकार की शह पर हुआ है। कहा कि हमले में जो वर्ग विशेष का नाम आ रहा है, उससे उनकी कोई रंजिश नहीं है।
उन्होंने चौधरी राकेश टिकैत से कहा कि वे भी भीड़-भाड़ में सचेत रहें। सरकार को उनसे भी दिक्कत है। इस दौरान चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि पहले तो सरकार बात भी कर लेती थी लेकिन, अब तो बात करना भी पसंद नहीं करती है। जबकि वे किसान हितों की लड़ाई लड़ रहे हैं।
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बाद में पत्रकारों से बातचीत में चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि किसानों से जुडे़ सारे मुद्दे जानबूझ कर लटकाए जा रहे हैं। न तो एमएसपी गारंटी कानून बनाया गया और न ही 14 दिन में गन्ने का भुगतान हो रहा है। सरकार डंडे के जोर पर आवाज दबाना चाहती है, जबकि वे डरने वाले नहीं हैं।
इस दौरान उनके साथ जिलाध्यक्ष चौ राजपाल सिंह, जिला प्रवक्ता चौ. रघुबीर सिंह, चौ. सचिन बेनीवाल, मनोज कमाली, चौ. केहर सिंह, विकास शर्मा, अशोक कुमार डालेवाला, चौ. मेवाराम, चौ. जिले सिंह, ललित, अमित मुखिया, नीटू लाखनौर, चौ. पदम सिंह, चौ. रामबीर सिंह, डॉ. राजबीर कांबोज, मंसूर चौधरी आदि मौजूद रहे।
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