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Saharanpur News: दस्तक देकर कर रहे स्वच्छता का प्रचार, शहर में लगे कचरे के अंबार

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कुटिया के मंदिर के पीछे डाला गया कचरा।
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-एक ओर डलावघर खत्म किए जा रहे, दूसरी ओर नए स्थानों पर डाला जा रहा कचरा
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- गंदगी के कारण बिगड़ रही महानगर की सुंदरता
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
सहारनपुर। 10 तक अभियान के तहत नगर निगम के सफाई निरीक्षक और सफाईकर्मी घर-घर जाकर सूखा और गीला कचरा अलग-अलग कर सफाईकर्मी को देने की अपील की जा रही है। साथ ही सफाई व्यवस्था को और बेहतर बनाने का प्रचार हो रहा है, लेकिन दूसरी ओर शहर में जगह-जगह कचरे के ढेर व्यवस्था की पोल खोल रहे हैं। डलावघरों पर दिन भर कचरा फैले रहने के कारण गंदगी रहती है, जिससे शहर की सुंदरता बिगड़ रही है।
महानगर में कभी 127 डलावघर हुआ करते थे। शहर को साफ और सुंदर बनाने के लिए नगर निगम द्वारा इनमें से करीब 105 डलावघरों को खत्म कर दिए जाने के दावे किए जा रहे हैं। अनेक जगहों पर डलावघरों की जगह सेल्फी प्वाइंट विकसित किए गए हैं, जो वाकई बेहद सुंदर और प्रभावी नजर आ रहे हैं। लेकिन स्वच्छता से जुड़ा दूसरा पहलू यह भी है कि महानगर में नए और अस्थायी डलावघर बन गए हैं, जहां दिन भर कचरा फैला रहता है। बेहट रोड स्थित श्री रामलीला मैदान पर बीते छह महीने से कचरा डाला जा रहा है, जबकि यह क्षेत्र आबादी के बीच में है। यहां दिन भर कचरा फैला रहता है, जिसके उठान का कोई निर्धारित समय नहीं है। कुटिया का मंदिर के पीछे अवैध रूप से डंपिंग ग्राउंड बन गया है। निगम के सफाईकर्मियों का आरोप है कि यहां प्राइवेट सफाईकर्मी कचरा डालते हैं। आबादी और मंदिर के पीछे भारी मात्रा में कचरा फैला है। बेरीबाग मार्ग स्थित स्थायी डलावघर पर दिन भर कचरा रहने के कारण राहगीरों और स्थानीय लोगों को परेशानी रहती है। पुल खुमरान स्थित डलावघर पर भी दिन भर कचरा डलने की वजह से गंदगी रहती है।
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गोबर डालकर फैला रहे गंदगी
शहर में डेयरियां चला रहे लोग डेयरियों से निकलने वाला गोबर शहर की बाहरी कॉलोनियों में आबादी के बीच में डाल रहे हैं। शकलापुरी मार्ग पर प्रतिदिन करीब आधा दर्जन बुग्गियां गोबर सड़क किनारे आबादी के पास डाला जा रहा हैं। इससे एक ओर जहां दुर्गंध रहती है वहीं कीड़े और मच्छर पनप रहे हैं।
सफाई के लिए मशीनें और सफाईकर्मी
- कुल वाहन


करीब 80 - कचरा भरने के लिए जेसीबी
05 जेसीबी
- कचरा उठान के लिए ट्रक
13 - रोबोट मशीन

2 - टेंपो, छोटा हाथी आदि
करीब 55 - करीब 1900 सफाईकर्मी
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तीन बार उठता है कचरा
नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग के क्षेत्रीय सफाई निरीक्षक राजीव कुमार का कहना है कि 127 में से 105 डलाव घर खत्म कर दिए गए हैं। ऐसे में शेष 22 डलावघरों पर कचरा बढ़ गया है। इन जगहों से सुबह छह बजे, फिर 10:30 बजे और शाम को छह बजे कचरे का उठान होता है। सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए 10 तक अभियान के तहत घर-घर जाकर लोगों को कचरा अलग-अलग कर देने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
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