प्रदर्शन की अफवाह पर पुलिस-प्रशासन की टीमें रहीं अलर्ट
सहारनपुर। जुमे की नमाज के दौरान फ्रांस के मामले को लेकर विरोध-प्रदर्शन करने की अफवाह पर शुक्रवार को पुलिस प्रशासन से लेकर खुफिया विभाग की टीमें अलर्ट पर रहीं। नमाज का समय होने तक डीएम अखिलेश सिंह, एसएसपी डॉ. एस चनप्पा, सिटी मजिस्ट्रेट सुरेेश कुमार सोनी सहित अन्य अफसर अर्द्धसैनिक बल के जवानों के साथ पुल कांबोहान से लेकर जामा मस्जिद और उसके आसपास के क्षेत्रों में गश्त करते दिखे। इस दौरान ड्रोन कैमरे से निगरानी कराने के साथ सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
दरअसल, कुछ लोगों ने पोस्टर और सोशल मीडिया पर बृहस्पतिवार रात से ही मैसेज वायरल कर दी थी कि जुमे की नमाज के दौरान फ्रांस के मामले में दोपहर दो बजे विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इसके लिए मुस्लिम समाज के लोगों से पुल कांबोहान के पुल पर आने के लिए कहा गया था। इसकी भनक लगते ही एसएसपी डॉ. एस चनप्पा, सिटी मजिस्ट्रेट सुरेश कुमार सोनी सहित अन्य अफसर पुल कांबोहान पहुंच गए। इस दौरान एसएसपी ने ड्रोन कैमरे से निगरानी की। हालांकि, यहां करीब डेढ़ घंटे तक कोई प्रदर्शन जैसे माहौल नहीं दिखा।
इसके अलावा डीएम अखिलेश सिंह पुलिस टीमों के साथ घंटाघर चौक होते हुए चौकी सराय पहुंचे, जहां उन्होंने स्थानीय दुकानदारों और मुस्लिम समाज के लोगों से बात की। मास्क न लगाने वाले युवाओं को चेतावनी भी दी। डीएम और एसएसपी ने दावा किया कि पुल कांबोहान, जामा मस्जिद सहित अन्य स्थलों पर जुमे की नमाज शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो गई।
---------
त्योहारों में सौहार्द कायम रखने की अपील
- एसएसपी और सिटी मजिस्ट्रेट ने पुल कांबोहान पर पार्षदों सहित मुस्लिम समाज के लोगों के साथ काफी देर तक बातचीत की। उन्होंने कहा कि त्योहारों के मौसम में आपसी सौहार्द बना रहे। इस दौरान पार्षद मंसूर बदर, ओसाफ गुड्डू, शहजाद मलिक, पार्षद सईद सिद्दीकी, पार्षद डा. अहमान, अब्दुल, बहार जुबैरी, बिलाल अंसारी, नानू कुरैशी, मिर्जा, आरिफ खान आदि मौजूद रहे। मुस्लिम समाज के लोगों ने कहा कि फ्रांस की घटना निंदनीय है। इसके लिए ज्ञापन देकर विरोध दर्ज कराया जा चुका है। आगे भी किसी तरह के प्रदर्शन के लिए अनुमति ली जाएगी।