सहारनपुर। राजकीय माध्यमिक विद्यालयों के कक्षा नौ से 12वीं तक के विद्यार्थी केवल किताबों पर आधारित शिक्षा ही प्राप्त नहीं करेंगे, बल्कि उनको शैक्षिक भ्रमण कराकर विषयों की हकीकत से रूबरू कराया जाएगा। परिषद के आदेश के बाद शिक्षा विभाग ने जनपद के सभी राजकीय विद्यालयों को इसके लिए निर्देशित किया है।
जनपद में 58 राजकीय माध्यमिक विद्यालय हैं, जिनमें हाई स्कूल और 12वीं तक के अलग-अलग विद्यालय भी शामिल हैं। माध्यमिक शिक्षा परिषद ने अब उक्त विद्यालयों में किताबी और प्रयोगशालाओं पर आधारित पठन पाठन और प्रायोगिक शिक्षा के साथ ही शैक्षिक भ्रमण को भी शामिल किया है। उच्च अधिकारियों का मानना है कि किताबी शिक्षा और प्रायोगिक शिक्षा का अपना महत्व है, जबकि शैक्षिक भ्रमण कर चीजों को समझना इनसे अलग अनुभव है, जिसके माध्यम से विद्यार्थी विषयों को बेहतर तरीके से समझ सकते हैं।
जिला विद्यालय निरीक्षक रवि दत्त ने कुछ ही दिन पहले सभी राजकीय माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाचार्यों के साथ बैठक कर इस संबंध में निर्देशित किया है। लेकिन शैक्षिक भ्रमण के लिए प्रधानाचार्यों को संबंधित विद्यार्थियों के अभिभावकों से लिखित सहमति लेना जरूरी रहेगा। जिला विद्यालय निरीक्षक रवि दत्त ने बताया कि राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में शैक्षिक सुधार के लिए कई गतिविधियां कराई जा रही हैं। इनमें से विद्यार्थियों को शैक्षिक भ्रमण कराना भी एक है।