सहारनपुर में बरसात के बाद मौसम में आया बदलाव मलेरिया और टायफाइड जिले में कहर बरपा रहा है। इस माह में बुखार के मरीजों की संख्या में चार गुणा बढ़ोत्तरी हुई है।
तेजी से बढ़ रहे बुखार के इलाज में स्वास्थ्य विभाग नाकाम है। विभाग मरीजों को इलाज देने के बजाय कागजी प्रक्रिया पूरी करने में जुटा है। यहीं कारण है कि विभाग की ओर से अभी तक डेंगू के एक भी मरीज की पुष्टी नहीं की। हालांकि डेंगू से पीड़ित मरीज निजी अस्पतालों लगातार पहुंच रहे हैं।
बता दें कि प्रत्येक वर्ष बरसात के दिनों में मलेरिया, टायफाइड और अन्य मौसमी रोग अपना प्रकोप फैलाते आ रहे हैं। इस बार भी जनपद में मलेरिया, टायफाइड और डेंगू के मरीजों की बढ़ी संख्या सामने आ रही है।
यह हम नहीं बल्कि जिला अस्पताल का वह रिकार्ड बता रहा है, जहां एक माह में मलेरिया के मरीजों की संख्या चार गुणा से अधिक बढ़ गई है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार इस वर्ष जिला अस्पताल में जनवरी से अगस्त तक बुखार के 25,129 मरीज पहुंचे।
जिसमें 1034 मरीज मलेरिया और 270 मरीज टायफाइड के है। जुलाई में मलेरिया के मरीजों की संख्या 147 थी, लेकिन अगस्त में यह संख्या तेजी से बढ़कर 624 हो गई।
बुखार के मरीजों की संख्या से स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप तो मचा है। सरकारी अस्पतालों में डेंगू के मरीज भी लगातार पहुंच रहे है लेकिन ऐसे मरीजों की पुष्टी नहीं की जा रही है।