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Saharanpur News: फतवा लेने के संबंध में एसएसपी से मिले हिंदू संगठनों के नेता

Tue, 13 Jun 2023 12:10 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
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सहारनपुर/देवबंद। क्रांति सेना व शिवसेना के पदाधिकारियों ने दारुल उलूम से लव जिहाद के संबंध में फतवा लेने के मामले में सोमवार को सहारनपुर में एसएसपी और देवबंद में सीओ से मुलाकात की। इस दौरान हिंदू संगठनों के पदाधिकारियों ने दारुल उलूम पर लव जिहाद की घटनाओं का समर्थन किए जाने का आरोप लगाया है।
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क्रांति सेना के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष योगेंद्र सिरोही और प्रदेश महासचिव मनोज सैनी के नेतृत्व में पदाधिकारी सहारनपुर में एसएसपी डॉ. विपिन ताड़ा से मिले। उन्होंने बताया की 10 जून को प्रस्तावित कार्यक्रम को प्रशासन ने क्रांति सेना व शिवसेना के नेताओं को नजरबंद कर रोक दिया था। मामले में प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी से दारुल उलूम देवबंद से फतवा मांगने की अनुमति देने की मांग की। जिस पर उन्होंने सीओ देवबंद को फोन कर क्रांति सेना व शिवसेना नेताओं की मुलाकात दारुल उलूम के किसी प्रतिनिधि से कराने के लिए कहा। जिस पर सभी लोग देवबंद आकर सीओ रामकरण से मिले। योगेंद्र सिरोही ने बताया कि सीओ ने मदरसा प्रबंधन से मुलाकात को लेकर वार्ता की, लेकिन प्रबंधन ने फतवा देने से इंकार कर दिया। वहीं, क्रांति सेना के नेताओं ने दारुल उलूम पर आरोप लगाया वे पूरे देश के अंदर लव जिहाद की घटनाओं का समर्थन कर रहा है। संभावना यह भी है कि वह इसके लिए युवकों को फंडिंग भी कर रहा है। नेताओं ने घोषणा करते हुए कहा की दारुल उलूम के खिलाफ क्रांति सेना व शिवसेना संयुक्त रूप से बड़ा आंदोलन शुरु करेगी। इसमें शिवसेना के वरिष्ठ उपाध्यक्ष डॉ. योगेंद्र शर्मा, सहारनपुर मंडल अध्यक्ष शरद कपूर, मुजफ्फरनगर जिला अध्यक्ष शिवसेना मुकेश त्यागी, क्रांति सेना के सहारनपुर जिलाध्यक्ष नीरज रोहिला, ब्लॉक अध्यक्ष गंगोह प्रदीप सैनी व प्रवीण कुमार आदि शामिल रहे।

फतवा लेने वालों को नहीं है प्रक्रिया की जानकारी : मोहतमिम

फतवा लेने के संबंध में संस्था के मुख्य कार्यालय में फोन आया था। जिन्हें फतवा विभाग से संपर्क करने को कहा गया। फतवा जारी करने का काम संस्था का मुख्य कार्यालय से नहीं बल्कि इफ्ता विभाग में मुफ्तियों की खंडपीठ करती है। यदि कोई इस संबंध में मुख्य कार्यालय से संपर्क करता तो उसे फतवा लेने से संबंधित प्रक्रिया की जानकारी नहीं है। कोई भी व्यक्ति अपने किसी भी इस्लामी मामले की जानकारी के लिए दारुल इफ्ता में डाक या ऑनलाइन लिखित सवालनामा डालकर फतवा ले सकता है।
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- मुफ्ती अबुल कासिम नौमानी, मोहतमिम, दारुल उलूम, देवबंद
देवबंद सीओ से मिले, सीओ से वार्ता में प्रबंधन ने फतवा देने से किया इंकार
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
सहारनपुर/देवबंद। क्रांति सेना व शिवसेना के पदाधिकारियों ने दारुल उलूम से लव जिहाद के संबंध में फतवा लेने के मामले में सोमवार को सहारनपुर में एसएसपी और देवबंद में सीओ से मुलाकात की। इस दौरान हिंदू संगठनों के पदाधिकारियों ने दारुल उलूम पर लव जिहाद की घटनाओं का समर्थन किए जाने का आरोप लगाया है।
क्रांति सेना के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष योगेंद्र सिरोही और प्रदेश महासचिव मनोज सैनी के नेतृत्व में पदाधिकारी सहारनपुर में एसएसपी डॉ. विपिन ताड़ा से मिले। उन्होंने बताया की 10 जून को प्रस्तावित कार्यक्रम को प्रशासन ने क्रांति सेना व शिवसेना के नेताओं को नजरबंद कर रोक दिया था। मामले में प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी से दारुल उलूम देवबंद से फतवा मांगने की अनुमति देने की मांग की। जिस पर उन्होंने सीओ देवबंद को फोन कर क्रांति सेना व शिवसेना नेताओं की मुलाकात दारुल उलूम के किसी प्रतिनिधि से कराने के लिए कहा। जिस पर सभी लोग देवबंद आकर सीओ रामकरण से मिले। योगेंद्र सिरोही ने बताया कि सीओ ने मदरसा प्रबंधन से मुलाकात को लेकर वार्ता की, लेकिन प्रबंधन ने फतवा देने से इंकार कर दिया। वहीं, क्रांति सेना के नेताओं ने दारुल उलूम पर आरोप लगाया वे पूरे देश के अंदर लव जिहाद की घटनाओं का समर्थन कर रहा है। संभावना यह भी है कि वह इसके लिए युवकों को फंडिंग भी कर रहा है। नेताओं ने घोषणा करते हुए कहा की दारुल उलूम के खिलाफ क्रांति सेना व शिवसेना संयुक्त रूप से बड़ा आंदोलन शुरु करेगी। इसमें शिवसेना के वरिष्ठ उपाध्यक्ष डॉ. योगेंद्र शर्मा, सहारनपुर मंडल अध्यक्ष शरद कपूर, मुजफ्फरनगर जिला अध्यक्ष शिवसेना मुकेश त्यागी, क्रांति सेना के सहारनपुर जिलाध्यक्ष नीरज रोहिला, ब्लॉक अध्यक्ष गंगोह प्रदीप सैनी व प्रवीण कुमार आदि शामिल रहे।

फतवा लेने वालों को नहीं है प्रक्रिया की जानकारी : मोहतमिम

फतवा लेने के संबंध में संस्था के मुख्य कार्यालय में फोन आया था। जिन्हें फतवा विभाग से संपर्क करने को कहा गया। फतवा जारी करने का काम संस्था का मुख्य कार्यालय से नहीं बल्कि इफ्ता विभाग में मुफ्तियों की खंडपीठ करती है। यदि कोई इस संबंध में मुख्य कार्यालय से संपर्क करता तो उसे फतवा लेने से संबंधित प्रक्रिया की जानकारी नहीं है। कोई भी व्यक्ति अपने किसी भी इस्लामी मामले की जानकारी के लिए दारुल इफ्ता में डाक या ऑनलाइन लिखित सवालनामा डालकर फतवा ले सकता है।
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- मुफ्ती अबुल कासिम नौमानी, मोहतमिम, दारुल उलूम, देवबंद
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