सहारनपुर में स्मार्ट सिटी योजना के दूसरे चरण में पेश किए जाने वाले प्रस्ताव में रेट्रोफिटिंग (पुनर्निर्माण ) को पहली वरीयता दी जा रही है। यह जानकारी नगरायुक्त डॉ. नीरज शुक्ला ने दी।
वह बुधवार को शुरू किए गए जन सहभागिता अभियान के तहत आयोजित कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। एक होटल सभागार में आयोजित कार्यशाला में पहले दिन एनजीओ, शिक्षण संस्थाओं और प्रधानाचार्यों को आमंत्रित किया गया था।
नगरायुक्त डॉ. नीरज शुक्ला ने स्मार्ट सिटी के प्रस्ताव के सकारात्मक पहलुओं तथा अखिल भारतीय स्मार्ट सिटी रेस में पीछे रहने के कारणों को विस्तार से बताया। बताया कि प्रस्ताव में मूलभूत परिवर्तन किए गए हैं।
रेट्रोफिटिंग जो पहले दूसरे नंबर था, अब उसे पहली वरीयता पर रखा गया है। रेट्रोफिटिंग क्षेत्र को पांच सौ एकड़ से बढ़ाकर 1700 एकड़ किया गया है।
नगर की लगभग 70 फीसदी आबादी को मूलभूत सुविधाएं जैसे यातायात, जल, विद्युत, सुरक्षा, गुणात्मक शिक्षा आदि प्रदान किए जाएंगे।
प्रमुख सलाहकार कुंवर सुरजीत सिंह ने अपनी प्रेजंटेशन में योजना के तहत शहर की जनता को मिलने वाली सुविधाओं तथा शहर में होने वाले बदलावों की जानकारी दी।
इस दौरान सीनियर सिटीजन जसबीर गंभीर, डॉ. एसके उपाध्याय, कुलभूषण जैन, विशी जैन, डॉ. कुदसिया अंजुम आदि ने सुझाव भी दिए। संचालन डॉ. पीके शर्मा ने किया। धर्मेंद्र शर्मा, मेजर अश्वनी भारद्वाज, केएल डाबरा, जगरोशन लाल, आरके बहल, पीसी फुटेला, अलका भारद्वाज, अरविंद अरोड़ा, कुलदीप कुमार, मनोज पंवार, प्रमोद पाल, हरप्रीत कौर, प्रीति शर्मा, अरविंद उपस्थित रहे।