सहारनपुर में कांवड़ियों की संख्या बढ़ने के साथ ही पुलिस प्रशासन भी और अलर्ट हो गया है। एसएसपी खुद संबंधित थानेदारों से पल-पल की खबर ले रहे हैं।
एक ओर जहां कांवड़ मार्ग पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है, वहीं बड़ी संख्या में लगाए गए सीसीटीवी कैमरों से भी नजर रखी जा रही है। कांवड़ यात्रा को लेकर पुलिस प्रशासन कितना गंभीर है।
इसका उदाहरण इसी से लगाया जा सकता है कि एसएसपी प्रदीप कुमार यादव ने सभी थानेदारों को कांवड़ यात्रा तक कुर्सी पर खाली न बैठने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने थानेदारों को 24 घंटे अलर्ट रहने तथा कांवड़ मार्ग पर गश्त कर व्यवस्था बनाए रखने को कहा है।
कांवड़ियों की सुरक्षा के ही मद्देनजर कांवड़ मार्ग पर जगह-जगह सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। पुलिस लाइन में बने कंट्रोल रूम से पूरे कांवड़ मार्ग पर नजर रखी जा रही है। साथ ही कांवड़ मार्ग पर जगह-जगह पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं, जिससे कोई अनहोनी घटना न घट सके।
कांवड़ मार्ग पर मंगलवार से वाहनों की आवाजाही पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया। इसके लिए एसपी ट्रैफिक ओमबीर सिंह सोमवार की शाम ही संबंधित थानों और चौकियों को निर्देश जारी कर चुके थे।
यही वजह रही कि मंगलवार को ई-रिक्शा आदि को छोड़कर कोई भी भारी वाहन। यहां तक कि टेंपो और छोटा हाथी तक कांवड़ मार्ग पर चलने नहीं दिया गया। इसके लिए कुतुबशेर चौक, घंटाघर, जनकपुरी चौक, डॉ. अंबेडकर चौक आदि पर बैरिकेट्स लगाए गए थे।
यहां 24 घंटे पुलिस तैनात की गई है, जिससे कोई भी वाहन कांवड़ मार्ग पर न चल सके। जैसे-जैसे महाशिवरात्रि नजदीक आ रही है, वैसे ही कांवड़ मार्ग पर कांवड़ियों की संख्या भी बढ़ रही है।
मंगलवार को कांवड़ मार्ग बोल बम के नारों से गूंजता रहा। इतना ही नहीं, प्रतिबंध के बावजूद अनेक कांवड़िए ट्रकों, ट्रॉलियों और अन्य छोटे वाहनों को सजाकर डीजे बजाते हुए निकले।
अनेक वाहनों पर भगवा रंग के साथ ही सबसे आगे राष्ट्रीय ध्वज यानी तिरंगे भी लगे नजर आए। व्यवस्था बनाने के साथ ही कांवड़ यात्रा पर नजर रखने के लिए पुलिस सीसीटीवी कैमरों के साथ ही व्हाट्सएप का भी सहारा ले रही है।
कांवड़ मार्ग पर ड्यूटी में लगे पुलिसकर्मी हर घंटे की फोटो मोबाइल में खींचकर अपने अफसरों को सेंड कर रहे हैं। इसके अलावा व्यवस्था के लिए निर्देश भी व्हाट्सएप पर ही दिए जा रहे हैं।
कांवड़ यात्रा के मद्देनजर जहां प्रशासन अलर्ट है वहीं समाजसेवी संगठनों ने शिवभक्तों की सेवा के लिए कैंप लगाने शुरू कर दिए हैं। कोई शिवभक्तों के पड़े छालों पर मेहंदी का लेप कर रहा है तो कोई फलाहार तथा अन्य स्वादिष्ट व्यंजन खिलाकर पुण्य कमाने में लगा है।