पीड़ित परिवार में पुलिस की नाकामी को लेकर असंतोष व्याप्त
संवाद न्यूज एजेंसी
बेहट। कलसिया में हुई 5.50 लाख रुपये की डकैती और फतेहपुर कलां में पेट्रोल पंप पर हुई 60 हजार रुपये की लूट की वारदात का बेहट पुलिस अभी तक खुलासा नहीं कर पाई। इससे पीड़ित परिवार में पुलिस की नाकामी को लेकर असंतोष व्याप्त है।
14 नवंबर को दीपावली की रात में आतिशबाजी के शोरगुल में 6-7 बदमाशों ने कलसिया में एक ब्राह्मण परिवार को बंधक बनाकर 5.50 लाख रुपये की डकैती डाली। वारदात के खुलासे के लिए पुलिस अधिकारी चार टीमें गठित की थी, लेकिन 21 दिन का समय बाद भी पुलिस बदमाशों का सुराग नहीं लगा सकी है।
20 नवंबर की रात में शाकंभरी देवी रोड पर फतेहपुर कलां में स्थित पेट्रोल पंप पर बदमाशों द्वारा की गई लूट की वारदात में 15 दिन बाद पुलिस की पीट रही है। पुलिस की यह हालत तब है, जब सीसीटीवी फुटेज की मदद से बदमाशों की पहचान हो चुकी है, लेकिन उनकी लोकेशन ट्रेस नहीं हो सकी।
फतेहपुर कलां में पेट्रोल पंप पर लूट की वारदात को अंजाम देने वाले बदमाश शातिर और पेशेवर अपराधी है। पुलिस सूत्रों की मानें तो सीसीटीवी फुटेज की मदद से बदमाशों की पहचान हो चुकी है, लेकिन वे हाथ नहीं लग रहे। पुलिस उनकी लोकेशन तक ट्रेस नहीं कर पा रही है। पुलिस का मानना है बदमाश मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं कर रहे हैं। बदमाशों ने वारदात करने के लिए जिस कार का इस्तेमाल किया, वह शामली जनपद से लूटी गई है। इसके अलावा बदमाशों ने इससे पहले उत्तराखंड के जनपद हरिद्वार के भगवानपुर थाना क्षेत्र में भी वारदात को अंजाम दिया है। बेहट पुलिस के अलावा शामली और भगवानपुर पुलिस को भी इन बदमाशों की तलाश कर रही है।
इनसेट
पुलिस दोनों घटनाओं के खुलासे के लिए प्रयासरत है। शामली में पेट्रोल पंप की गई लूट की घटना को अंजाम देने वाले बदमाशों के तार भी इससे जुड़े होने की संभावना है। जल्द ही खुलासा किया जाएगा। -
विजयपाल सिंह, सीओ बेहट