नानौता। नगर निवासी अली रजा (57) की कुवैत में ब्रेन हेमरेज से मौत होने के बाद ईरान-इजरायल के बीच जारी युद्ध के कारण हवाई मार्ग बंद होने से उनका शव भारत नहीं लाया जा सका। ऐसे में शव को इराक के नजफ शहर में दफनाया गया है।
मोहल्ला चाहमनजली कोट निवासी अली रजा कुवैत के आरजिया क्षेत्र में एक कुवैती परिवार के यहां ड्राइवर के रूप में कार्यरत थे। 17 मार्च को अचानक उनकी तबीयत बिगड़ने पर कुवैती मालिक ने उन्हें सरकारी अस्पताल परवानिया में भर्ती कराया। उपचार के दौरान बीते बृहस्पतिवार को उनकी मृत्यु हो गई थी। परिजनों ने भारत सरकार से शव को वतन लाने की गुहार लगाई, लेकिन ईरान-इजरायल युद्ध के चलते कुवैत से भारत के लिए हवाई सेवाएं बंद होने के कारण यह संभव नहीं हो सका। मजबूरी में मृतक के भांजे नजफ अली ने साथियों की मदद से अली रजा के शव को इराक के नजफ शहर में दफनाया गया।