सहारनपुर। वैट के पुराने बकायादारों के लिए ब्याज माफी योजना लागू करने की मांग को लेकर उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को ज्ञापन भेजा। उन्होंने कहा कि वैट की मूल रकम से उस पर ब्याज अधिक हो गया है। इससे व्यापारी परेशान हैं।
मंगलवार को मुख्यमंत्री को भेजे ज्ञापन में उन्होंने कहा कि पांच वर्ष पूर्व एक जुलाई 2017 को पूरे देश में वस्तु एवं सेवा कर प्रणाली (जीएसटी) लागू हुई थी। इससे पहले प्रदेश में वाणिज्य कर विभाग के तहत वैट प्रणाली लागू थी। जीएसटी लागू होने के बाद पहले के वित्तीय वर्षों के बड़ी संख्या में अंतिम कर निर्धारण की सुनवाई विभागीय अधिकारियों द्वारा की गयी। इसमें कर निर्धारित राशि, पेनाल्टी एवं अन्य मदों में वैट की बड़ी धनराशि व्यापारियों की तरफ बकाया है। विभाग वैट बकाया के नोटिस व्यापारियों को भेज रहा है। जो ब्याज की धनराशि मूल से भी अधिक बन रही है। उन्होंने ऐसे व्यापारियों के लिए ब्याज माफी योजना लाने की मांग की।
ज्ञापन पर हस्ताक्षर करने वालों में जिलाध्यक्ष शीतल टंडन, जिला महामंत्री रमेश अरोड़ा, जिला कोषाध्यक्ष राजीव अग्रवाल, मेजर एसके सूरी, रमेश डावर, पवन गोयल, कर्नल संजय मिड्ढा, संदीप सिंघल, अशोक मलिक, अभिषेक भाटिया, संजय माहेश्वरी आदि प्रमुख रहे।