सहारनपुर के बड़गांव में पिछले 26 दिनों से जातीय संघर्ष की आग में सुलग रहे शब्बीरपुर में दोनों पक्षों के लोगों के बीच आपसी सुलहनामा कराने के लिए पुलिस प्रशासन द्वारा प्राथमिक विद्यालय में बुधवार को पंचायत बुलाई गई।
पंचायत में कोई ठोस निर्णय तो नहीं हो सका, लेकिन दोनों ओर से आरोप प्रत्यारोप जरूर हुए। निर्णय होने तक हर रोज पंचायत होगी। कई दिनों की संघर्ष भरी जिंदगी से अजीज आ चुके लोग बुधवार को एसपी देहात विधा सागर मिश्र की अगुवाई में उच्च प्राथमिक विद्यालय में एकत्र हुए।
एसपी देहात ने ग्रामीणों को शांति का पाठ पढ़ाया। कहा कि क्षमा से बढ़कर कोई धर्म नहीं होता है और क्रोध हमेशा अपने को ही नुकसान पहुंचाता है। कुछ लोगों को गन्ने की खेती करने का पता नही गुड़ की खेती करने के बहाने शब्बीरपुर को सद्भावना सिखाने पहुंच रहे हैं।
लेकिन ग्रामीणों से अपील करते हुए कहा कि हर समस्या के समाधान का रास्ता केवल गांव वालों के बीच से ही निकलेगा। आप सभी को इसके लिए आगे बढ़कर यह परोपकार अवश्य करना ही पड़ेगा।
कहा कि गांव में सर्व समाज के लोगों की पंचायत से बड़ी कोई दूसरी पंचायत नही हो सकती है। इसलिए दोनों पक्ष एकत्र होकर ऐसे असामाजिक तत्वों की हीन भावनाओं पर पानी फेर कर गांव में शांति अमन चैन बनाने का प्रयास करें।
उन्होंने विशेषकर राजपूत समाज के लोगों से अपील करते हुए कहा कि क्षत्रियों का धर्म दूसरे लोगों की रक्षा करना होता है। इसके बाद एसपी देहात ने नशा मुक्ति, परित्याग, योगासन करने जैसी अनेकों नसीहत ग्रामीणों को दी।
बैठक में ही दोनों पक्षों के मौअजिज लोगों के बीच आपसी मनमुटाव को लेकर वार्ता कराई तो ग्रामीणों ने शीघ्र ही आपसी मनमुटाव दूर करने की बात कहते हुए कल तक के लिए पंचायत स्थगित कर दी।
इस पर बैठक में मौजूद दोनों पक्षों के ग्रामीणों ने एसपी देहात को हाथ उठाकर आपसी सुलहनामा करने की सहमति भी दी इस मौके पर दोनों पक्षों के लोगों ने आपस में हाथ मिलाकर अपने पिछले गिले शिकवे भी खत्म किए।
बृहस्पतिवार को दोपहर एक बजे गांव के समस्त समाज के ग्रामीणों की पंचायत फिर होगी। बैठक में थाना प्रभारी मुनेंद्र सिंह, एसएसआई संजीव कुमार सहित भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद रहा।
बैठक के बाद सर्व समाज के कई लोगों ने एसपी देहात के समक्ष मीडिया और किसी भी बाहरी व्यक्ति के गांव में नहीं आने दिए जाने का अनुरोध करते हुए कहा कि हमारा यह आपसी विवाद है। अब हम सब आपस में मिल बैठकर अपने विवाद को निबटा लेगें साहब इसमें अब तक शब्बीरपुर गांव की बहुत बदनामी हो चुकी है।