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खुशखबर : गन्ना किसानों को अनुदार पर फिर मिलेंगे कृषि यंत्र, पुराने बकाएदारों को नहीं मिलेगा लाभ

Tue, 16 Mar 2021 11:41 PM IST
मेरठ ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर
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मुजफ्फरनगर में कृषि यंत्र और स्पेयर पार्ट्स की दुकान खुली - फोटो : अमर उजाला
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गन्ना किसानों के लिए अच्छी खबर है। गन्ना विभाग दो वर्ष बाद फिर से कृषि यंत्रों पर अनुदान देगा। गन्ना विकास समितियों के पुराने बकाएदारों को इस योजना का लाभ नहीं मिल सकेगा। किसानों को कृषि यंत्रों पर 50 प्रतिशत और अधिकतम 30 हजार रुपये का अनुदान दिया जाएगा। जिले के 1.80 लाख गन्ना किसानों में से 8362 पुराने बकाएदार किसान इस योजना के लाभ से वंचित रहेंगे।
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राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत गन्ना विभाग को करीब दो करोड़ रुपये की धनराशि आवंटित हुई है। इसमें कृषि यंत्रीकरण के लिए 50 लाख रुपये, सूक्ष्म पौषक तत्वों के लिए 84लाख 65 हजार रुपये और आधार एवं प्राथमिक पौधशालाओं पर अनुदान के लिए 55 लाख 81425 हजार रुपये का आवंटन हुआ है।

आधार एवं प्राथमिक पौधशालाओं के माध्यम से किसानों को गन्ने का उत्तम बीज उपलब्ध कराया जाता है। इसके लिए पौधशाला तैयार करने वाले किसानों को अनुदान मिलता है। आधार पौधशाला में गन्ना शोध संस्थानों से बीज लाकर किसान के यहां बुआई कराई जाती है।
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प्राथमिक पौधशाला में आधार पौधशाला से बीज लेकर बुआई होती है। इन पौधशालाओं में तैयार हुए गन्ने का उपयोग किसानों को बीज वितरण में किया जाता है। आधार में 50 रुपये और प्राथमिक पौधशाला वाले किसान को 25 रुपये प्रति क्विंटल का अनुदान दिया जाता है।

इन कृषि यंत्रों पर मिलेगा अनुदान
राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत गन्ना विभाग कृषि यंत्रों पर अनुदान देगा। इनमें कल्टीवेटर, डिस्क हैरो, लेवलर, एमबी प्लाऊ, स्प्रेयर, ट्रेंच ओपनर आदि पर 50 प्रतिशत और अधिकतम 30 हजार रुपये अनुदान दिया जाएगा। साथ ही सूक्ष्म पौषक तत्वों पर भी अनुदान दिया जाएगा।

 
कृषि यंत्रों पर अनुदान के लिए राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत दो वर्ष बाद धनराशि का आवंटन हुआ है। इसमें किसानों को यंत्रों पर 50 प्रतिशत और अधिकतम 30 हजार रुपये का अनुदान दिया जाएगा। इसके लिए किसान का गन्ना विभाग में पंजीकरण होना अनिवार्य है।  -कृष्ण मोहन मणि त्रिपाठी, जिला गन्ना अधिकारी।
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