पुलिस और परिजनों के साथ खड़े सीएमपीडीआई के जनरल मैनेजर संदीप नेगी। स्रोत-पुलिस
देवबंद। भारत सरकार के उद्यम सेंट्रल माइन प्लानिंग एंड डिजाइन इंस्टीट्यूट (सीएमपीडीआई) बिलासपुर छत्तीसगढ़ में जनरल मैनेजर संदीप नेगी भटकते हुए खेड़ामुगल पुलिस चौकी पहुंच गए। वहां वह पुलिस वालों से बोले भूखा हूं खाना खिला दो और मुझे मेरे घर भिजवा दो। इसके बाद पुलिस ने उनके परिजनों से संपर्क कर उनके बारे में जानकारी दी।
खेड़ामुगल पुलिस चौकी प्रभारी राहुल देशवाल ने बताया कि बुधवार की दोपहर देहरादून (उत्तराखंड) के विजय पार्क बालूपुर रोड निवासी संदीप नेगी (65) भटकते हुए चौकी पर पहुंचे। गंदे कपड़े, सिर और दाढ़ी के सफेद बाल बढ़े हुए थे। वहां पहुंचते हुए कहने लगे कि मैं भूखा हूं मुझे खाना चाहिए और अपने घर जाना चाहते हैं। जिस पर उन्हें खाना खिलाया गया और उनके पास से मिले नंबर पर संपर्क कर परिजनों को उनके बारे में बताया। जानकारी मिलने पर 95 वर्षीय उनके पिता एमएस नेगी अपने एक साथी के साथ पहुंचे। उन्होंने बताया कि बेटा संदीप नेगी क्लास वन ऑफिसर है, जो सेंट्रल माइन प्लानिंग एंड डिजाइन इंस्टीट्यूट (सीएमपीडीआई) बिलासपुर छत्तीसगढ़ में जनरल मैनेजर के पद पर तैनात हैं। पारिवारिक कलह के चलते वह पिछले करीब एक वर्ष से परेशान हैं और मानसिक तनाव में चल रहे हैं। बाद में एमएस नेगी पुलिस का आभार जताते हुए बेटे को अपने साथ ले गए।