देवबंद(सहारनपुर)। दस वर्ष पूर्व डकैती की योजना बनाने तथा पुलिस पार्टी पर जानलेवा हमला करने के मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश निधि ने आठ आरोपियों को दोषी ठहराया है। उन्होंने सभी आरोपियों को इस अपराध के लिए दस-दस वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाई है।
शुक्रवार को सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता देवीदयाल शर्मा ने बताया कि 17 दिसंबर 2013 को एसएचओ नागल बचन सिंह तेवतिया व क्राइम ब्रांच सहारनपुर के एसआई संजय पांडेय ने टीम के साथ सिडकी रोड पर स्थित एक बाग में दबिश दी थी। जहां पर बैठे बदमाश हथियारों के साथ डकैती की योजना बना रहे थे। पुलिस को देखते ही उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी। जिसमें कई पुलिसकर्मी बाल बाल बच गए थे। बाद में पुलिस ने बदमाशों को धर दबोचा था।
देवी दयाल शर्मा ने बताया कि इस मामले में दलीलों को सुनने के बाद अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश निधि ने आरोपी जनपद मुजफ्फरनगर के नियाजपुरा निवासी महबूब, ककरौली निवासी आबिद उर्फ मान, खेड़ी फिरोजाबाद निवासी आबिद, थाना पुरकाजी निवासी गोधना निवासी नौशाद, थाना मंसूरपुर के जीवना गांव निवासी सुलेमान, खालापार मुजफ्फरनगर निवासी जावेद, थाना छपार के बढेड़ी निवासी बबलू उर्फ फरमान, जनपद बिजनौर के थाना शेरकोट के छिपरी शहजादपुर निवासी सलीम को दोषी ठहराते हुए 10-10 वर्ष सश्रम कारावास एवं 31-31 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।