सहारनपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से नसीहत मिलने के बाद अतिक्रमण को लेकर नगर निगम अधिकारियों की आंखें खुली हैं। जगह चिह्नित कर करीब दो महीने से शांत बैठे निगम अधिकारियों ने शुक्रवार को लिंक रोड पर बुलडोजर चलवाते हुए अतिक्रमण हटवाया।
करीब ढाई माह पहले महापौर डॉ. अजय कुमार ने लिंक रोड पर अतिक्रमण देखा था, जिसके बाद अधिकारियों को अतिक्रमण हटाने के लिए निर्देश दिए थे। लेकिन सड़क पीडब्ल्यूडी की होने की वजह से नगर निगम अतिक्रमण चिह्नित नहीं कर पा रहा था। इसके बाद पीडब्ल्यूडी के अभियंताओं को साथ लेकर निगम ने अतिक्रमण चिह्नित किया था। उसके बाद से ही संबंधित लोग विरोध कर रहे थे। 22 अगस्त को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बैठक के दौरान अतिक्रमण पर नाराजगी व्यक्त की थी।
नतीजा अगले ही दिन नगर निगम का अतिक्रमणरोध दस्ता दल और बल के साथ सबसे पहले लिंक रोड ही पहुुंचा। यहां एक दर्जन से अधिक प्रतिष्ठानों के सामने से जेसीबी के माध्यम से अतिक्रमण ध्वस्त किया गया, जबकि दूसरी साइड के लोगों ने खुद ही अतिक्रमण हटा लिया। कुछ दुकानदारों ने एक दिन की मोहलत मांगी, जिनको शनिवार तक खुद ही अतिक्रमण हटाने को कहा गया है। अन्यथा निगम जबरन अतिक्रमण हटवाएगा।
यहां से कौन हटवाए अतिक्रमण
अतिक्रमण महानगर की सबसे बड़ी समस्याओं में से एक है, लेकिन नगर निगम कभी हिम्मत नहीं कर सका। कभी अतिक्रमण हटाया भी गया तो फिर से दुकानें सड़कों पर आ गईं। महानगर में रेलवे रोड, कोर्ट रोड, अंबाला रोड, नेहरू मार्केट, प्रताप मार्केट, लुहानी सराय, शहीद गंज, देहरादून रोड, बेहट अड्डा के पास बेहट रोड पर भारी अतिक्रमण है। जामा मस्जिद के बाहर की सड़कें, सब्जी मंडी और पांवधोई नदी के पुलों तक पर भारी अतिक्रमण है। फल और सब्जियों की रेहड़ियां सड़कों और पुलों पर हैं, जिनकी वजह से दिन भर जाम रहता है। यहां से अतिक्रमण हटाने में निगम ने कभी रुचि नहीं दिखाई है।