अपनों से संपर्क नहीं होने पर रात भर परेशान रहे परिजन
सहारनपुर। अमरनाथ गुफा के पास बादल फटने से हुई घटना में जनपद का कोई भी श्रद्धालु नहीं फंसा है। अमरनाथ गुफा के दर्शन को गए सभी श्रद्धालु सकुशल है। रामपुर मनिहारान के जिन छह लोगों से शुक्रवार रात को परिजनों का संपर्क नहीं हो पा रहा था, वो सभी भी सकुशल हैं, अपने जत्थे में लौट आए हैं।
एडीएम वित्त राजनीश कुमार मिश्रा ने बताया कि जनपद का कोई भी श्रद्धालु अमरनाथ में नहीं फंसा है, सभी सकुशल हैं। पवित्र अमरनाथ गुफा के पास बादल फटने से आई बाढ़ की चपेट में आने से पंद्रह श्रद्धालुओं की मौत होने और कई के लापता होने की जानकारी मिलने से जिले के लोगों में भी अपने परिजनों और परिचितों को लेकर बेचैनी रही। परिजन रात भर परेशान रहे। सुबह संपर्क हुआ तो परिजनों ने राहत की सांस ली।
-सुबह संपर्क होने पर जान में जान आई
रामपुर मनिहारान। कस्बे से बाबा अमरनाथ की यात्रा पर गए छह श्रद्धालु सुरक्षित हैं, जो शनिवार शाम को अपने जत्थे के शिविर में पहुंच गए।
एक जुलाई को 56 श्रद्धालुओं का जत्था बाबा अमरनाथ की या़त्रा के लिए बस से रवाना हुआ था। शुक्रवार को बाबा अमरनाथ की गुफा के पास बादल फटने की सूचना जैसे ही टीवी व सोशल मीडिया पर आई तो अमरनाथ गए श्रद्धालुओं के परिजनों उनसे संपर्क करने में जुट गए, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो पाया। रात भर कोई भी सो नहीं पाया। सुबह फोन पर संपर्क होने के बाद श्रद्धालुओं के सकुशल होने की सूचना पर परिजनों के चेहरों पर खुशी दिखाई दी। फंसे श्रद्धालु सोमप्रकाश के पुत्र ब्रिजेश ने बताया कि वह रात भर अपने पिता सोमप्रकाश से फोन पर संपर्क करते रहे और सुबह उन्हें उनके पिता की सकुशल होने की सूचना मिली। शिवम गुप्ता ने बताया कि वह रात भर अपने साथी मनीष से फोन पर संपर्क करते रहे। जत्थे के सेवादार संजय गुप्ता ने बताया कि छह साथियों से रात में संपर्क नहीं हो रहा था, सुबह उनके सकुशल होने की जानकारी मिली। शाम को वे सभी शिविर में आ गए।
- दौड़ कर पहाड़ पर चढ़ कर अपनी जान बचाई
रामपुर मनिहारान। बालटाल पर शिविर में रुके रामपुर मनिहारान निवासी श्रद्धालु बिल्लू का कहना है कि सोमप्रकाश रोहिला, मनीष, अनुज, आदित्य, राकेश, विनोद ने उन्हें फोन पर बताया कि बाबा बर्फानी के दर्शन कर लौट रहे थे। बदल फटने के समय वह काफी दूरी पर टैंट में खाना खा रहे थे। उन्होंने यह मंजर अपनी आंखों से देखा है। जिसे देखकर वह घबरा गए। ऐसा मंजर उन्होंने पहले कभी नहीं देखा। तुरंत वहां से पहाड़ की ओर दौड़ने लगे और वहां से सुरक्षित निकल गए। सेना के जवानों ने श्रद्धालुओं की काफी मदद की और रात भर उनके शिविर में ठहरे रहे और सुबह वहां से बालटाल के लिए निकल पड़े।
बड़गांव के श्रद्धालु भी सुरक्षित
बड़गांव। बड़गांव क्षेत्र से दस श्रृद्धालु अमरनाथ यात्रा पर गए हैं। जो बालटाल व पहलगांव में सुरक्षित हैं। परिजन अपनों से लगातार संपर्क बनाए हुए हैं। कस्बा सहित मियानगी, खुदाबक्सपुर माजरा, जड़ौदा पांडा, अंबेहटा चांद से शक्ति, नीरज, रकम सिंह, आकाश, मीनू, धीरज आदि श्रद्धालु पवित्र गुफा के दर्शन के लिए गए हैं। जो पहलगांव व बालटाल में सुरक्षित ठिकानों पर है। सुबह सभी यात्रियों ने अपने परिजनों से बात की तो परिजनों ने राहत की सांस ली।
परिजनों से बातचीत करता रामपुर मनिहारान निवासी शिवम गुप्ता- फोटो : SAHARANPUR
बालटाल से अपने पिता से बात करता रामपुर मनिहारान का बृजेश रोहिला- फोटो : SAHARANPUR
बालटाल में अपने साथियों का इंतजार करते सहारनपुर रामपुर मनिहारान के श्रद्वालु- फोटो : SAHARANPUR
पहलगाम में सुरक्षित सहारनपुर बड़गांव क्षेत्र के श्रद्धालु। - फोटो : SAHARANPUR