सहारनपुर। स्मार्ट सिटी के वार्ड 46 में पेयजल व्यवस्था सुधर नहीं पा रही है। कई कॉलोनियों में लोग रेतीला पानी पीने को मजबूर हैं तो कई कॉलोनियों में पानी का प्रेशर कम होने से लोग परेशान हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि शिकायत के बाद निगम के कर्मचारी मौके पर पहुंचकर काम तो करते हैं, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो रहा है। सुबह सुबह नलों में रेत आता है, जो किसी काम का नहीं होता है।
स्थानीय लोगों की बात
बृजविहार निवासी तथा परशुराम चौक सेवा समिति के प्रधान विजय शर्मा ने बताया कि उनकी कॉलोनी में रेतीला पानी आ रहा है। इसकी प्रमुख वजह न्यू राघवपुरम में लगे नलकूप में खराबी होना है। जवाहर पार्क में नया नलकूप लगाने का वादा अधिकारी कर रहे हैं, लेकिन वह कार्य भी लटका हुआ है।
कृष्णपुरी कॉलोनी निवासी विपिन कुमार जैन का कहना है कि पेयजल की समस्या आज से नहीं है। क्षेत्र की जनता कई महीने से इस समस्या से जूझ रही है। उनकी कॉलोनी में पानी में रेत तो नहीं है, लेकिन पानी का प्रेशर इतना कम है कि बाल्टी भरने के लिए इंतजार करना पड़ता है।
मोहित विहार निवासी एवं भूतेश्वर नगर व्यापार मंडल के अध्यक्ष अनूप गुप्ता का कहना है कि उनकी कॉलोनी में सुबह के समय पानी में अधिक रेत आता है। बाल्टी भरो तो उसमें उसमें कई इंच की रेत बैठ जाती है। ऐसे में न तो पानी को पी सकते हैं न ही अन्य काम में इस्तेमाल कर सकते हैं।
तोता चौक निवासी संजीव ने बताया कि पानी कभी साफ आने लगता है कभी रेतीला। सुबह के समय रेत अधिक आता है, जिसकी वजह से परेशानी रहती है। क्षेत्रवासी कई बार समस्या अधिकारियों के समक्ष रख चुके हैं, लेकिन सुनवाई नहीं है, जबकि कहने को सहारनपुर स्मार्ट सिटी है।
घंटों बंद रहने के बाद यदि नल को चलाओ तो उसमें पानी के साथ गंदगी या रेत आ सकता है। ऐसी समस्या हैंडपंप के साथ भी रहती है, क्योंकि पानी पाइप में रुका रहने से जंग या रेत पहले झटके में बाहर निकलती है। ऐसे में जरूरी है कि कम से कम दो मिनट तक नल को चलने दें और उसके बाद पानी को इस्तेमाल में लाएं। - वीबी सिंह, अधिशासी अभियंता, जलकल अनुभाग, नगर निगम