पुल कम्बोहान पर लगा बकरो का बाजार
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सहारनपुर। ईद-उल-अजहा (बकरीद) एक अगस्त को मनाई जाएगी, लेकिन इस बार कोरोना काल की वजह से पशु मंडियां नहीं लग पाईं, लेकिन गली-मोहल्लों और शहर के आउटर पर कुछ व्यापारी कुर्बानी के जानवर बेच रहे हैं। तोतापरी, अमृतसरी और राजस्थानी बकरों की मांग है, लेकिन इस बार अन्य प्रदेशों से इन नस्लों के बकरे नहीं आ पाए हैं।
महानगर में कंबोहान का पुल, बेहट रोड, अरबी मदरसा, मंडी समिति और कमेला कॉलोनी में पशु मंडी लगती थी, लेकिन इस बार कोरोना कॉल की वजह मंडियां नहीं लग पाईं हैं। कुछ जगहों पर गली-मोहल्लों में पशु बेचे जा रहे हैं। इसके अलावा चिलकाना रोड और बेहट रोड सहित शहर के आउटरों पर कुछ व्यापारी सुबह या शाम के समय एक या दो जानवर लेकर पहुंचते हैं। ताकि खरीदारी हो जाए। मंडी समिति रोड के पशु कारोबारी रहमान, कंबोह का पुल के नदीम बताते हैं कि कुर्बानी को लेकर गाइडलाइन स्पष्ट नहीं है। इस कारण लोग कुर्बानी का जानवर कम ही खरीद रहे हैं। क्योंकि, ईद के साथ लॉकडाउन भी रहेगा। अन्य प्रदेशों से जानवर नहीं आ पाए हैं। लोगों की मांग के अनुसार जानवर नहीं मिल रहा है।