सहारनपुर के गंगोह में सीमेंट व्यापारी से 50 हजार की रंगदारी मांगने आए दो बदमाशों को पुलिस ने दबोच लिया। गांव कलसी निवासी दोनों बदमाशों में से एक बीएससी और दूसरा इंटर का छात्र है। बदमाशों से रंगदारी में प्रयुक्त मोबाइल भी बरामद किया गया।
नानौता रोड पर भवन निर्माण सामग्री के विक्रेता जितेंद्र गर्ग को 3 मई को अज्ञात व्यक्ति ने फोन कर 50 हजार की रंगदारी मांगी थी। रंगदारी नहीं देने पर जान से मारने की धमकी दी गई थी। व्यापारी ने मामले को हल्के में लेते हुए टाल दिया।
शुक्रवार सुबह एक बदमाश उसकी दुकान पर पहुंचा। बदमाश ने उससे रंगदारी की मांग की और धमकी देते हुए कहा था कि पिछली बार तेरे पैर में गोली मारी थी, मगर इस बार सिर में गोली मारेंगे।
जितेंद्र ने फिलहाल पैसे न होने की बात कहते हुए उसे शाम को आने के लिए कहा। जिस पर बदमाश होशियारी दिखाने पर अंजाम भुगतने की धमकी देते हुए शाम को आने की बात कहकर चला गया।
इसके बाद दहशतजदा व्यापारी ने पुलिस को मामले से अवगत कराते हुए कार्रवाई की मांग की। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी। शाम को सर्विलांस की मदद से पुलिस ने शिव चौक से दो युवकों को दबोच लिया।
कोतवाली में व्यापारी ने दुकान पर रंगदारी मांगने आए बदमाश को पहचान लिया। बदमाशों से रंगदारी में प्रयुक्त मोबाइल बरामद कर लिया गया। एसएसआई राजकुमार चंदेल ने बताया कि पूछताछ में बदमाशों ने रंगदारी मांगे जाने की बात स्वीकारते हुए अपने नाम गांव कलसी निवासी अभिषेक और हिमांशु बताए हैं।
व्यापारी जितेंद्र पर गत वर्ष 28 अक्टूबर को भी रंगदारी न देने पर बदमाशों ने फायरिंग कर दी थी। जिसमें पैर में गोली लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। इसी बात का फायदा उठाकर जितेंद्र को सॉफ्ट टारगेट समझकर छात्रों ने उससे रंगदारी की मांग की थी। छात्रों के अनुसार उन्हें अनुमान था कि रंगदारी मिल जाएगी।