सहारनपुर के देवबंद में तीन हजार रुपये को लेकर हुई गाली गलौज का बदला लेने के लिए एक युवक ने अपने साथी के साथ मिलकर घर के बाहर खेल रहे पांच वर्षीय बच्चे का अपहरण कर लिया।
इसके बाद जंगल में ले जाकर उसकी पानी में डुबाकर हत्या कर दी। पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे की फुटेज के आधार पर दोनों हत्यारोपियों को गिरफ्तार कर उनकी निशानदेही पर बच्चे का शव बरामद कर लिया। जिसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
मोहल्ला अबुल बरकात निवासी नदीम का पांच वर्षीय बेटा जैद बृहस्पतिवार को स्कूल से आने के बाद घर से दुकान पर टॉफी लेने के लिए निकाला था।
इस बीच पहले से घात लगाए बैठे मानकी गांव निवासी अहसान ने मुजफ्फरनगर के शादीपुर गांव निवासी साथी नौशाद के साथ मिलकर उसका अपहरण कर लिया।
काफी देर तक जब जैद घर नहीं पहुंचा तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। मगर उसका कहीं कुछ पता नहीं लगा। जिसके बाद परिजनों ने पुलिस को उसके लापता होने की सूचना दी, साथ ही उन्होंने आसपास की दुकानों और मकानों पर लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी।
घर से कुछ दूरी पर उन्हें एक घर पर लगे कैमरे में जैद को एक युवक ले जाते हुए दिखा। जिसे नदीम ने पहचान लिया और तुरंत ही इसकी सूचना पुलिस को दी।
पुलिस ने फुटेज को कब्जे में लेकर उसके आधार पर अहसान और उसके साथी नौशाद को मानकी गांव से गिरफ्तार कर लिया। कोतवाली में पत्रकारों से वार्ता में एसपी देहात विद्या सागर मिश्र ने बताया कि कोतवाल पंकज कुमार त्यागी ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों हत्यारोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने उनकी निशानदेही पर मोहल्ला रविदास मार्ग पर स्थित गुज्जरवाड़ा निवासी याकूब के ईख के खेत से जैद का शव बरामद कर लिया। हत्यारों ने उसकी पानी में डुबाकर हत्या की।
एसपी देहात के मुताबिक हत्यारोपी अहसान दो साल पहले नदीम के यहां आतिशबाजी का काम करता था। पूछताछ में उसने बताया कि नदीम ने वेतन मांगने पर गाली गलौज कर उसकी बेइज्जती कर दी थी।
इसी बेइज्जती का बदला लेने के लिए उसने नौशाद के साथ मिलकर जैद का अपहरण किया और उसकी हत्या कर दी। विद्या सागर मिश्र ने बताया कि दोनों के बीच महज तीन हजार रुपये के लेन देन का मामला था। पुलिस ने नदीम की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर दोनों हत्यारोपियों को जेल भेज दिया है।