सहारनपुर में चार बेटियों के बाद बेटा पाने की चाहत में एक तांत्रिक की सलाह पर पड़ोसी ने ही पत्नी और पिता के साथ मिलकर चार वर्षीय अक्षिता की हत्या की थी। बच्ची के शव को पाटल (दाव) से काटकर तंत्र क्रिया कर तालाब के पास फेंका गया था।
हत्याकांड का खुलासा करते हुए पुलिस ने तांत्रिक सहित दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है जबकि महिला सहित दो आरोपी अभी फरार हैं। एसपी सिटी प्रबल प्रताप सिंह ने बताया कि थाना जनकपुरी क्षेत्र के गांव खुर्द निवासी महावीर की चार वर्षीय पुत्री अक्षिता को एक अक्तूबर को घर के बाहर खेलते समय उठा लिया गया था।
पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज की थी। चार अक्तूबर को अक्षिता का शव महावीर के घर के पास ही तालाब के पास खेत में कपड़े में लिपटा पड़ा मिला था। अक्षिता का एक हाथ, पांव, कान और एक तरफ से धारदार हथियार से चेहरा कटा था। एसएसपी ने घटना के खुलासे के लिए थाना जनकपुरी पुलिस और सर्विलांस टीम को लगाया था।
छानबीन के आधार पर पुलिस टीम ने शनिवार रात गांव खुर्द अड्डे से महावीर के पड़ोसी सतीश पुत्र कबूल सिंह और तांत्रिक वृक्षपाल पुत्र सुखबीर सिंह निवासी बड़ावद बागपत और हाल निवासी लोनी बार्डर गाजियाबाद को गिरफ्तार किया।
आरोपियों के पास से हत्या में प्रयुक्त पाटल (दाव) भी बरामद किया। आरोपी सतीश ने बताया कि उसके चार पुत्रियां हैं। एक पुत्र पैदा हुआ था। उसकी 18 माह की उम्र में मौत हो गई थी। पुत्र नहीं होने की वजह से पत्नी और परिवार के लोग परेशान रहते थे।
इसी सिलसिले में उसकी मुलाकात तांत्रिक वृक्षपाल से हुई थी। उसने उन्हें तंत्रमंत्र क्रिया कर पुत्र प्राप्ति की सलाह दी थी। तांत्रिक ने कहा था कि इसके लिए किसी बच्ची की बलि देने पड़ेगी।
इसके चलते उसने अपनी पत्नी नेमता और पिता कबूल सिंह के साथ मिलकर अपहरण के बाद अक्षिता की हत्या कर की थी। पुलिस ने सतीश और वृक्षपाल को गिरफ्तार कर लिया। नेमता तथा कबूल सिंह की अभी गिरफ्तारी नहीं हो पाई है।
उधर, एसपी सिटी ने बताया कि हत्यारोपियों को गिरफ्तार करने वाली टीम में थाना जनकपुरी इंस्पेक्टर शैलेंद्र कुमार, सर्विलांस प्रभारी मुबारिक हसन, उपनिरीक्षक अब्दुल वसीम, सतीश कुमार, सर्विलांस से कांस्टेबल विनी हुड्डा, विनीत तोमर, दीपपाल, नितिन यादव शामिल हैं। एसएसपी ने टीम को दस हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की है।