सहारनपुर के रामपुर मनिहारान में एटीएम कार्ड एक्सपायर होने की जानकारी देकर एक ठग ने खुद को बैंक अधिकारी बताते हुए पिन (पासवर्ड) पूछ कर ग्रामीण युवक और उसके पिता के खातों से 1.92 लाख रुपये की नगदी पार कर दी।
पीड़ित ने फोन कॉलर और शाखा प्रबंधक के खिलाफ थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। गंगोह थाने के गांव नूरखेड़ी निवासी सुधीर पुत्र अशोक कुमार का रामपुर मनिहारान थाने के गांव जानखेडा स्थित यूनियन बैंक में खाता है। उसके मोबाइल पर 18 मई को एक कॉल आई।
कॉल करने वाले ने कहा कि वह बैंक से बोल रहा हैं और उसका एटीएम कार्ड एक्सपायर हो गया है। नया एटीएम कार्ड देने के लिए पिन कोड बताना होगा।
सुधीर ने कोड नंबर बता दिया। इसके कुछ देर बाद ही उसके खाते से छह हजार रुपये निकाले जाने का मैसेज आ गया। इसी बीच सुधीर के पिता अशोक के खाते से चार किस्तों में 1.88 लाख रुपये निकालने का मैसेज उनके मोबाइल पर आया तो उनके होश फाख्ता हो गए।
यह खाता सुधीर और उसके पिता अशोक का ज्वाइंट है। इस ठगी के बाद पिता-पुत्र बैंक गए और खाते से रुपये निकाले जाने का बात शाखा प्रबंधक से पूछी। उन्हें बताया गया कि उनके साथ ठगी हो चुकी है।
अशोक ने थाने में शाखा प्रबंधक के खिलाफ तहरीर दे कर आरोप लगाया कि उसके पास एटीएम भी नहीं है। ऐसे में उसके खाते से रुपया कैसे निकाल लिया गया। इस ठगी में बैंक की मिली भगत है।
खाते से 21 हजार उड़ाए
देवबंद रणखंडी निवासी वेदपाल सिंह त्रिवेणी चीनी मिल में कर्मचारी है। उसने कोतवाली में दी तहरीर में बताया कि उसका खाता एसबीआई शाखा में है। बृहस्पतिवार को उसके फोन पर एक व्यक्ति ने कॉल कर एटीएम कार्ड की वैधता बढ़ाने की बात कही।
बातों ही बातों में ठग ने उसका खाता नंबर पूछ लिया। आरोप है कि थोड़ी ही देर बाद उसके मोबाइल पर 21 हजार की निकालने संबंधी मैसेज आया। तब जाकर उसे पता चला कि उसके साथ ठगी हो गई। वेदपाल ने पुलिस से आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।