सहारनपुर में कोतवाली सदर बाजार क्षेत्र के दिल्ली रोड स्थित गांव मवीं कलां में एक युवक की बेरहमी से हत्या कर दी गई। युवक का शव मंढे के दिन पास की कॉलोनी में पड़ा मिला, जिससे शादी की तमाम खुशियां मातम में बदल गईं। घटना के बाद से पूरे गांव में मातम छाया हुआ है।
मृतक के भाई की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। गांव मवीं कलां निवासी 22 वर्षीय मिंटू पुत्र प्रकाश की बारात शुक्रवार को बेहट के गांव कोठड़ा जानी थी। इसके लिए बुधवार को कई मेहमान आ गए थे।
शादी की तैयारियां चल रही थीं। रात में करीब 11 बजे किसी ने मिंटू को बुलाया। मिंटू किसी को बताए बगैर बाहर निकल गया। करीब एक घंटे बाद भी जब वह नहीं लौटा तो परिजनों को चिंता हुई।
इसके बाद परिजनों ने मिंटू को आप-पड़ोस में और गांव में तलाशना शुरू कर दिया। रातभर तलाश करने के बाद भी मिंटू का कुछ पता नहीं चल सका। बृहस्पतिवार की सुबह फिर से तलाश शुरू की गई।
इसी दौरान पास की पिंक सिटी कॉलोनी में मिंटू का शव पड़ा मिला। शव मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। पूरा गांव पिंक सिटी कॉलोनी में जमा हो गया। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।
मौके पर पहुंची पुलिस ने परिजनों से जानकारी जुटाई। साथ ही शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। देर शाम तक मिंटू का पोस्टमार्टम नहीं हो सका था।
शादी समारोह में शामिल होने पहुंचे मेहमान शव लेने के लिए मोर्चरी के बाहर जमा थे।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार मिंटू के सिर में गहरी चोट और पीठ में गोली मारी गई थी। मिंटू के भाई रविंद्र की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कोतवाली प्रभारी मुनेंद्र सिंह का कहना है कि पुलिस मामले की जांच कर रही है। मिंटू के भाई रविंद्र और सूरज ने पुलिस को बताया कि उनके परिवार की तो किसी के साथ कोई दुश्मनी भी नहीं है।
सब लोग अपनी मजदूरी कर परिवार चलाते हैं। मिंटू भी पेड़ काटने का काम करता था, जिसका किसी से कोई लेना-देना या झगड़ा नहीं था।
ऐसे में समझ नहीं आ रहा है कि मिंटू की हत्या किसने और क्यों की। ग्रामीण भी मिंटू को शरीफ युवक बता रहे हैं। उनका कहना है कि वह अपने काम से काम रखता था।