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कीमती जमीन हथियाने के लिए किया था संपूरण सिंह का अपहरण

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सहारनपुर। जमीन को लेकर हुए विवाद को लेकर संपूरण सिंह का अपहरण किया गया था। संपूरण सिंह का परिचित सुभाष सड़क किनारे की कीमती जमीन हथियाना चाहता था। जमीन न मिलने पर संपूरण सिंह का अपहरण करा दिया और एक करोड़ रुपये की फिरौती मांगी। पुलिस ने आरोपी सुभाष और उसके साथी बंटी उर्फ विकास को गिरफ्तार कर उसकी निशानदेही पर सहारनपुर पुलिस की मदद से अपहृत को छुड़ा लिया है।
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मुठभेड़ के बाद अपहृत पटियाला के कनौर क्षेत्र के चमारू निवासी संपूरण को छुड़ाने के बाद पुलिस कार्यालय में जानकारी देते हुए एसएसपी दिनेश कुमार और पंजाब पुलिस के एसपी इन्वेस्टीगेशन हरमीत सिंह तथा निरीक्षक शिमेंद्र सिंह ने बताया कि 28 फरवरी की शाम करीब साढ़े सात बजे ग्राम टेपला निवासी सुभाष ने संपूरण सिंह को फोन कर बुलाया। संपूरण सिंह अपनी कार से घर से निकला। सुभाष और उसके साथियों ने संपूरण सिंह का अपहरण कर लिया। पुलिस ने उसकी कार सड़क किनारे लावारिस हालत में बरामद की थी। पंजाब पुलिस के एसपी हरमिंदर सिंह ने बताया कि रात में संपूरण के न लौटने पर उसके बेटे नरविंदर ने एक मार्च को अपहरण किए जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई। एक मार्च के बाद आरोपियोंने नरविंदर को फोन कर कहा कि संपूरण की दुर्घटना हो गई है, दो तीन दिन में वापस लौट जाएगा। पुलिस ने दो दिन पूर्व आरोपी पटियाला के टेपला निवासी सुभाष एवं उसके साथी बंटी उर्फ विकास को गिरफ्तार कर लिया। उनसे सख्ती से पूछताछ की गई तो अपहृत के सहारनपुर में होने की जानकारी मिली।
मंगलवार को सहारनपुर पहुंचकर एसओजी एवं सहारनपुर पुलिस की मदद से दो आरोपियों इरशाद और नदीम निवासी हमजागढ़ गंगोह को रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया था।
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सोमवार को मांगी फिरौती
एसपी हरमीत सिंह ने बताया कि सोमवार को आरोपियों ने नरविंदर को फोन कर एक करोड़ रुपये की फिरौती मांगी। फिरौती के लिए यह पहला फोन था। उससे पहले तीन चार फोन किए थे, लेकिन फिरौती की बात नहीं की थी। वहीं, संपूरण सिंह ने बताया कि वह सुभाष को पहले से जानता था। प्रॉपर्टी को लेकर अक्सर सुभाष से बात होती थी और मुलाकात होती रहती थी।
पांच दिन तक घुमाते रहे सहारनपुर में
एसएसपी दिनेश कुमार ने बताया कि संपूरण का अपरण कर बदमाश ट्रक में बैठाकर सहारनपुर लाए थे। उसके बाद सहारनपुर में ही एक जगह से दूसरी जगह घुमाते रहे। पंजाब पुलिस से इनपुट मिलने के बाद एसओजी की टीम को लगाया गया। जिसके बाद घेराबंदी कर मंगलवार को अपहृत को छुड़ा लिया गया।
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