सहारनपुर। देवबंद में फर्जी पासपोर्ट को लेकर की गई आधा दर्जन से अधिक दुकानों पर छापामारी महज खानापूर्ति बनकर रह गई। पुलिस ने न तो कुछ तलाश ही किया और न ही किसी को पकड़ ही सकी। जबकि, एटीएस तथा एसटीएफ ने पुलिस को फिर आइना दिखाते हुए छह संदिग्ध लोगों को हिरासत में ले लिया। एटीएस हिरासत में लिए गए संदिग्ध लोगों से पूछताछ कर रही है।
देवबंद में फर्जी पासपोर्ट बनाए जाने एवं फर्जी पासपोर्ट से बांग्लादेशी आतंकियों के रहने का एटीएस एवं एसटीएफ लगातार खुलासा कर रही है। हर बार एटीएस की टीम देवबंद आई और कार्रवाई कर चली गई। दो बांग्लादेशी नागरिकों, फर्जी पासपोर्ट बनाने वाले दो लोगों के अलावा एटीएस छह माह में पांच बांग्लादेशी आतंकियों समेत 9 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी। जबकि, पुलिस हर बार तमाशा ही देखती रह गई। मंगलवार तो जब तीन लोगों को एटीएस ने गिरफ्तार किया तो पुलिस ने उस कार्रवाई का श्रेय लेने का प्रयास किया। पुलिस अधिकारियों ने उस कार्रवाई को अपनी जांच का परिणाम बताया।
शुक्रवार को पुलिस ने फर्जी पासपोर्ट बनाने वालों की तलाश में एक दर्जन से अधिक दुकानों पर छापामारी की, लेकिन पूरी कार्रवाई महज खानापूर्ति ही बनकर रह गई। पुलिस के हाथ कोई संदिग्ध कागज तक नहीं लग सका। पुलिस ने एक व्यक्ति को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया, लेकिन कुछ ही देर में उसे भी छोड़ दिया।
पुलिस की इस कार्रवाई को एटीएस एवं एसटीएफ की टीम ने उसी समय आइना दिखा दिया। एटीएस एवं एसटीएफ ने शुक्रवार को ही खानकाह पुलिस चौकी क्षेत्र में स्थित एक मदरसे से छह संदिग्ध लोगों को हिरासत में ले लिया, जिससे हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि छह लोगों पर एसटीएफ को बाहरी होने का संदेह है। एसटीएफ एवं एटीएस आरोपियों से पूछताछ कर रही है।