सहारनपुर के सरसावा में पुलिस और आबकारी विभाग ने शराब का ट्रक पकड़ते हुए हरियाणा से यूपी के पूर्वांचल में तस्करी की शराब खपाये जाने का बड़ा खुलासा किया है। पुलिस ने शराब की अनुमानित कीमत करीब 15 लाख रुपये आंकी है।
पकड़े गए ट्रक चालक से पूछताछ में खुलासा हुआ कि शराब माफिया डिस्टलरी मालिक के साथ मिलकर बेहद सधे तरीके से बिल्टी बनाकर अरुणाचल प्रदेश में भेजने के नाम पर शराब को यूपी के पूर्वांचल में ले जाते रहे हैं।
एसओ ने सारे मामले की तह तक जाने की बात कही है। रविवार को सुबह शाहजहांपुर चौकी पर वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस ने हरियाणा से आ रहे एक ट्रक को रोककर जांच की तो उसमें शराब की पेटियां भरी मिली।
जिस पर चालक ने पुलिस को शराब का बिल तथा ट्रांसपोर्ट की बिल्टी थमा कर वैध तरीके से शराब को अरुणाचल प्रदेश ले जाने की बात कही लेकिन 14 मार्च को जारी बिल्टी पर 3 अप्रैल को शराब की सप्लाई देखकर पुलिस को शक हुआ और उन्होंने आबकारी विभाग को जांच के बुलवा लिया। आबकारी के अधिकारियों ने बिल्टी को देखकर चालक से पूछताछ की तो सारा मामला खुल गया।
चालक ने बताया कि वो इसी बिल्टी पर इससे पहले 2 बार एटा जिले के कस्बे वेबर तथा एक बार जिला सुल्तानपुर में शराब की सप्लाई दे चुका है। इसी बिल्टी पर आज की सप्लाई के लिये भी उसे फोन पर लगातार निर्देश दिए जा रहे थे। एसओ ने देवेंद्र यादव ने बताया कि पकड़ी गई शराब अंबाला की ओएसिस डिस्टलरी की है।
ट्रक से बरामद साढ़े बारह सौ पेटियों में वी-जोन नाम की व्हिस्की के 60 हजार पव्वे है। जिनकी अनुमानित कीमत करीब 15 रुपये है। बिल्टी अरुणाचल प्रदेश के जिले पापुनपारे के नाहर लागुन नगर के लिए जारी की गयी है।
वहीं पुलिस को शक ना हो इसके लिए मध्यप्रदेश के इंदौर शहर की ट्रांसपोर्ट से ट्रक मंगाया गया है। एसओ ने कहा कि जांच कर डिस्टलरी मालिक तथा फोन पर निर्देश देने वाले को भी मामले में आरोपी बनाया जाएगा। पकड़े गये चालक भय्यू मानकर निवासी थाना चौबाराधीरा जिला देवास के विरुद्ध आबकारी अधिनियम और धोखाधड़ी की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया गया है।