सहारनपुर। भाकियू वर्मा और पश्चिम प्रदेश मुक्ति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष भगत सिंह वर्मा ने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश की तरक्की के लिए 26 जिलों को मिलाकर पृथक पश्चिम प्रदेश का निर्माण जरूरी है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के बड़ा राज्य होने के चलते यहां कानून व्यवस्था चौपट हो गई है।
बृहस्पतिवार को दीवानी कचहरी में अधिवक्ताओं की एक बैठक में उन्होंने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में शिक्षा और चिकित्सा की सुविधाएं नाममात्र को है। चार दशक से पश्चिम में हाईकोर्ट की बेंच की स्थापना करने के लिए अधिवक्ताओं का आंदोलन चल रहा है। इसके बावजूद केंद्र और प्रदेश सरकार पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाईकोर्ट की बेंच स्थापित नहीं कर पाई है।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए बार संघ के पूर्व अध्यक्ष अभय सैनी ने कहा कि अलग राज्य बनने पर ही यहां हाईकोर्ट भी बनेगा। बार संघ के पूर्व अध्यक्ष अशोक पुंडीर ने कहा कि पृथक राज्य समय की मांग है और हम लोग अलग राज्य के आंदोलन के साथ हैं।
इस दौरान राजेंद्र चौधरी, नीरज कपिल, आसिम मलिक, नरेंद्र चौधरी, नितिन शर्मा, महीपाल सिंह, विवेक सैनी, अभिषेक कुमार आदि मौजूद रहे।