छुटमलपुर। फतेहपुर बिजली घर से जुड़े गांव गेल्हेवाला में बिजली कनेक्शन अस्थाई रूप से बंद कराने के पांच साल बाद ग्रामीण को 74 हजार रुपये का बिल भेज दिया गया। पीड़ित 72 वर्षीय बलवंत ने तहसील दिवस में एसडीएम बेहट से शिकायत की है। वृद्ध का कहना है कि वर्ष 2015 में उसने 19838 रुपये विभाग में जमा करके बिजली कनेक्शन अस्थाई रूप से बंद करा दिया था। पिछले साल शपथ पत्र देकर भी उपखंड अधिकारी कार्यालय को अवगत करा दिया। अब विद्युत विभाग द्वारा उसे 74 हजार की भारी-भरकम धनराशि का बिल भेज दिया गया है। वह विभाग द्वारा दिए गए बंद कराए गए कनेक्शन का प्रमाण पत्र लेकर फतेहपुर बिजली घर भी गया था। जहां से उसे टरका दिया गया। वह पिछले एक माह से बिजली बिल को खत्म कराने के लिए मारा मारा फिर रहा है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। पीड़ित ने एसडीएम से कार्रवाई की मांग की है। एसडीएम ने एसडीओ को जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
उल्लेखनीय है कि पिछले सप्ताह ही अधिशासी अभियंता बेहट ने मुजफ्फराबाद क्षेत्र में तैनात तत्कालीन मुख्य कैशियर पर 32 लाख रुपए का राजस्व मिलान न होने का आरोप लगाते हुए नोटिस जारी किया था। उस नोटिस के बाद से ही माना जा रहा था कि इस तरह के बहुत से उपभोक्ता सामने आएंगे, जिन्होंने अपने बिल जमा करा रखे हैं और विभाग के अभिलेखों में उनको बकाएदार बनाया हुआ है।