सहारनपुर। मां शाकुंभरी विश्वविद्यालय से संबद्ध महाविद्यालयों एवं संस्थानों में बाल वैज्ञानिक खोजे जा रहे हैं। शासन के आदेश के अनुसार वहां ऐसे वैज्ञानिक विद्यार्थियों की खोज शुरू कर दी गई है, जिन्होंने कोई नया प्रयोग किया हो या फिर पुराने प्रयोग में कुछ नया किया हो। विश्वविद्यालय ने सभी महाविद्यालयाें एवं संस्थानों को पत्र जारी कर बाल वैज्ञानिक चिह्नित कर उनकी सूची उपलब्ध कराने के आदेश दिए हैं।
प्रमुख सचिव उच्च शिक्षा के आदेश के अनुपालन में विश्वविद्यालय के कुलसचिव वीरेंद्र कुमार मौर्य के द्वारा महाविद्यालयों और संस्थानों को पत्र जारी किया गया है। कुलसचिव ने बताया कि अनेक ऐसे विद्यार्थी होते हैं, जिनकी रुचि नए प्रयोगों को करने में होती है। माध्यमिक विद्यालयों के स्तर पर बाल वैज्ञानिक तैयार होते हैं। इस स्तर पर बाल विज्ञान प्रदर्शनियां होती हैं, जो ब्लॉक, जनपद और मंडल स्तर से लेकर राज्य और राष्ट्रीय स्तर तक होती हैं। इनमें बाल वैज्ञानिक अपने विज्ञान के मॉडल्स प्रस्तुत करते हैं। जिसके आधार पर उनका चयन किया जाता है। ऐसे विद्यार्थी 12वीं के बाद महाविद्यालयों एवं संस्थानों में पहुंचते हैं। केंद्र सरकार प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल वैज्ञानिक पुरस्कार योजना चला रही है, जिसमें ऐसे बाल वैज्ञानिकों को पुरस्कृत किया जाता है। यदि किसी महाविद्यालय या संस्थान में इस प्रकार के बाल वैज्ञानिक हैं तो वह उसकी सूचना दिए गए दिशा निर्देशों के अनुरूप विश्वविद्यालय को देंगे।