कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष के साथ चंद्रशेखर के भाई और मां।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
सहारनपुर के भीम आर्मी के संस्थापक चंद्रशेखर की गिरफ्तारी की सूचना मिलते ही चंद्रशेखर के भाई कमल किशोर और भगत सिंह तथा उसकी मां कमलेश देवी कांग्रेस उपाध्यक्ष इमरान मसूद के आवास पर पहुंच गए।
जहां कमल किशोर ने कहा कि भाजपा सरकार में सिर्फ दलितों और मुस्लिमों का ही उत्पीड़न हो रहा है। अब दलित और मुस्लिम साथ मिलकर कानून से लड़ाई लड़ेंगे।
भीम आर्मी के संस्थापक चंद्रशेखर की गिरफ्तारी की सूचना जैसे ही परिजनों को मिली, खलबली मच गई। दोपहर लगभग 2 बजे चंद्रशेखर की मां कमलेश देवी, भाई कमल किशोर और भगत सिंह तीनों अंबाला रोड स्थित कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष इमरान मसूद के आवास पर पहुंच गए।
जहां इमरान मसूद के साथ मिलकर उन्होंने मीडिया को बुलाकर जमकर भड़ास निकाली। कमल किशोर ने कहा कि भीम आर्मी सामाजिक संस्था है। संस्था समाज हित के लिए काम करती है।
गरीब बच्चों की शिक्षा और गरीब बेटियों की शादी कराती है। चंद्रशेखर सामाजिक काम करते हैं। लेकिन उन पर बेबुनियाद आरोप लगाकर उन्हें अपराधी बता दिया गया। उन पर इनाम घोषित कर दिया गया। ईनाम सिर्फ इसलिए रखा गया, क्योंकि वह दलित है।
रामनगर में हिंदू युवा वाहिनी और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने आग लगाई। जो वीडियो में नजर आ रहे हैं। जबकि बवाल की शुरुआत तो सांसद राघव लखनपाल ने कराई थी। लेकिन उन पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने कहा कि अब दलित समाज को मुस्लिम का साथ मिल गया है।
दोनों मिलकर संविधान के दायरे में रहकर कानून से लड़ाई लड़ेंगे। पूरा समाज उनके साथ है।