सहारनपुर में चुनावी बिसात पर जातीय समीकरण साधने के लिए केंद्र में सत्तासीन भारतीय जनता पार्टी अब केंद्रीय मंत्रियों को मैदान में उतारेगी। सहारनपुर में वैश्य, पंजाबी, राजपूत, ब्राह्मण सहित अन्य जातियों के हिसाब से मंत्रियों की सूची तैयार कर ली गई है।
जिन विधानसभाओं में जिस जाति की संख्या अधिक होगी, वहां केंद्रीय मंत्रियों की न केवल सभाएं होंगी बल्कि प्रवास तक की योजना है। इसके अलावा अलग अलग जातियों के सांसदों को भी सहारनपुर की विधानसभाओं में सक्रिय किया जा रहा है।
भाजपा की यह पूरी कवायद जातीय समीकरणों को साधकर चुनाव में पार्टी के पक्ष में उन्हे रिझाने के लिए हो रही है। हरियाणा की सीमा पर स्थित सहारनपुर की सात विधानसभा सीटों पर सियासी गुणा गणित को अपने पक्ष में करने के लिए भाजपा नए तेवर के साथ मैदान में उतरने की तैयारी में है।
इस नई योजना के तहत केंद्रीय मंत्रियों के लिए पार्टी जातीय समीकरणों को साधने का कोई मौका नहीं चूकना चाहती। ऐसे में जातियों के आधार पर केंद्रीय मंत्रियों की सूची तैयार की गई है।
इस सूची में केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह, संतोष गंगवार, महेश शर्मा, कलराज मिश्र, पीयूष गोयल, मनोज सिन्हा आदि को शामिल किया गया है। आपको बता दें कि विधानसभा चुनाव से पहले भी भाजपा ने प्रदेश भर के अलग-अलग जातियों के सांसदों का विधानसभाओं में प्रवास कराया था।
ऐसे में केन्द्रीय मंत्रियों के अलावा धोबी, खटिक, निषाद अन्य जातियों को साधने के लिए सांसदों का भी सहारा लिया जाएगा। वित्त राज्यमंत्री संतोष गंगवार सहारनपुर के व्यापारियों को नोटबंदी के फायदे समझाएंगे। गंगवार सोमवार को सहारनपुर पहुंचेंगे।
ऊर्जा एवं कोयला मंत्री पीयूष गोयल रविवार को सहारनपुर पहुंच रहे है। वे यहां वैश्य समाज के मतदाताओं को रिझाने का प्रयास करेंगे।