सहारनपुर। महानगर में फर्जी दस्तावेजों के आधार पर फर्जी फर्म खोल जीएसटी नंबर लेने का मामला सामने आया है। फर्म के नाम पर करोड़ों रुपये का कारोबार भी हो गया। जब विभाग ने फर्म में पंजीकृत कारोबारी के घर नोटिस भेजा तो कारोबारी के यहां हड़कंप मच गया। पीड़ित ने पुलिस में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
महानगर के थाना मंडी के गांधी काॅलोनी निवासी अरुण वर्मा ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि बाजार में उनका बूरा और बताशे का कारोबार है। उन्होंने साल 2017-18 में एक सीए को जीएसटी नंबर लेने के लिए अपना पैन कार्ड, आधार कार्ड, बिजली का बिल, दुकान का पता आदि कागज साइन करके दिए थे। इसके बाद में उसे पता चला कि पांच लाख से कम आय वालों को जीएसटी नंबर की आवश्यकता नहीं होती है तो उन्होंने सीए को जीएसटी में पंजीकरण को मना कर दिया।
आरोप है कि सीए ने कागज वापस करने के बजाए उनके नाम और पते पर फर्म जगदंबा ट्रेडर्स प्रोपराइटर खोल दी और उसके माध्यम से कारोबार भी कर दिया। प्रोपराइटर उन्हें दर्शाया, लेकिन उनकी इस नाम से न तो कोई फर्म है और न ही उन्होंने किसी बिल पर साइन किए। उन्होंने जब इस बाबत आरोपी विवेक से बात की तो उसने स्वीकार किया उसने ही फर्म खोली है। पुलिस ने पीड़ित की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरु कर दी है।