सहारनपुर। बिना बिजली का बिल दिए स्थानांतरण के बाद जाने वाले अधिकारियों के लिए अब सहारनपुर में बिजली के प्री-पेड मीटर लगेंगे।
नोएडा, गाजियाबाद एवं अन्य बड़े शहरों के बाद अब सहारनपुर में अक्तूबर से इसकी शुरुआत होने जा रही है। खासकर सरकारी आवासों में रहने वाले अधिकारियों के लिए इन मीटरों को लगाया जाएगा। जितने का रीचार्ज कराएंगे, उतनी बिजली जलाएंगे।
विद्युत निगम को बिजली की चोरी से जितना नुकसान हो रहा है, लाइन लॉस से भी उतना ही नुकसान हो रहा है। जबकि सरकारी आवासों में रहने वाले कुछ अधिकारी भी विद्युत निगम को जमकर चूना लगा रहे हैं। जब तक चाहा बिजली का उपयोग किया और ट्रांसफर होते ही सामान बांधकर चले गए। बिजली का बिल देने के बारे में अधिकांश अधिकारियों ने कभी नहीं सोचा। विद्युत निगम के करोड़ों रुपये डूब गए।
इसे देखते हुए विद्युत निगम ने सबसे पहले सरकारी आवासों में प्रीपेड मीटर लगाए जाने की तैयारी की है। अक्तूबर में प्रीपेड मीटर लगाए जाने की शुरूआत कर दी जाएगी। जिस भी अधिकारी के आवास में मीटर लगाया जाएगा, उससे मीटर का खर्च तो लिया ही जाएगा, जब तक रीचार्ज नहीं कराएंगे, तब तक बिजली नहीं जलेगी। जितने रुपये की बिजली रीचार्ज कराई जाएगी, उतनी बिजली खर्च होने के बाद अपने आप सप्लाई बंद हो जाएगी। ऐसे में बिजली फूंक कर अधिकारी चुपचाप नहीं खिसक पाएंगे। प्रथम चरण में अधिकारियों के आवासों पर प्रीपेड मीटर लगवाने के बाद लोगों के पोस्टपेड मीटर बदले जाएंगे। हालांकि पहले ऑन डिमांड मीटरों को बदला जाएगा। उसके बाद धीरे-धीरे अन्य मीटर बदले जाएंगे। अधीक्षण अभियंता आरके सिंह का कहना है कि प्रीपेड मीटर लगाए जाने के लिए प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। सितंबर या अक्तूबर से सहारनपुर शहरी क्षेत्र में प्रीपेड मीटर लगाने का काम शुरू करा दिया जाएगा। पहले चरण में अधिकारियों के आवासों पर प्रीपेड मीटर लगाए जाएंगे। जिससे बिना बिल दिए स्थानांतरित होने वाले अधिकारी बिल का भुगतान पहले करें।
अधिकारियों के यहां लगेंगे प्री-पेड मीटर
सहारनपुर में अक्तूबर से होगी प्री-पेड मीटर लगाए जाने की शुरुआत