सहारनपुर। शहर में 14 करोड़ रुपये की लागत से 44 नए कार्य कराए जाएंगे। शुक्रवार को नगर निगम परिसर में कृषि एवं जिले के प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने इन कार्यों का शिलान्यास किया। उन्होंने बीते चार साल में सहारनपुर में हुए विकास कार्यों को गिनाया, साथ ही लोकतंत्र को बचाए रखने तथा जीवन को बेहतर बनाने के संकल्प के साथ आगे बढ़ने के लिए लोगों को प्रेरित किया।
कृषि मंत्री सूर्यप्रताप शाही ने कहा कि 2017 के निकाय चुनाव में जनता को बेहतर सुविधाएं देने का वादा किया था। उस समय सहारनपुर को गंदगी और कूड़े के रूप में जाना जाता था, लेकिन संजीव वालिया के महापौर बनने के साढ़े तीन साल बाद शहर की सूरत बदली है। सहारनपुर शहर प्रदेश के चुनिंदा शहरों में गिना जाता है। सरकार ने नालों-सड़कों के निर्माण, प्राइमरी स्कूलों की बेहतर स्थिति, साफ सफाई, कूड़ा प्रबंधन, एलईडी स्ट्रीट लाइट, पेयजल की उपलब्धता और सड़कों के चौड़ीकरण आदि के साथ बेहतर नागरिक सुविधाएं दी हैं। यदि कोरोना अवरोध पैदा न करता तो विकास के मामले में सहारनपुर और आगे होता।
आयुष राज्य मंत्री डॉ. धर्मसिंह सैनी ने सहारनपुर महानगर के सुंदरीकरण और शहर में बढ़ती नागरिक सुविधाओं की सराहना की। महापौर संजीव वालिया ने महानगर में हुए निर्माण कार्यों और शहर के विकास का श्रेय निगम के अधिकारियों व पार्षदों को दिया।
इससे पहले नगरायुक्त ज्ञानेंद्र सिंह ने प्रभारी मंत्री सूर्यप्रताप शाही, आयुष राज्य मंत्री डॉ. धर्म सिंह सैनी व अन्य सभी अतिथियों का स्वागत किया। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना में करीब 8500 वेंडरों को ऋण दिलाकर सहारनपुर टॉप 10 में शामिल हुआ है।
कार्यक्रम में विधायक देवेंद्र निम, जिलाधिकारी अखिलेश सिंह, एसएसपी डॉ. एस चनप्पा, पूर्व सांसद राघव लाखनपाल शर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष डॉ. महेंद्र सैनी, महानगर अध्यक्ष राकेश जैन, पूर्व विधायक राजीव गुंबर, सिटी मजिस्ट्रेट सुरेश सोनी, पार्षद भूरा सिंह प्रजापति, अशोक राजपूत, सुरेंद्र धवन, ज्योति अग्रवाल, पिंकी गुप्ता, रेखा रोहिला, आशुतोष सहगल, गौरव चौधरी, मनोज जैन, यशपाल कोरी, यशपाल पुंडीर, मनोज जैन, उमेश शर्मा, मानसिंह जैन, पुनीत चौहान, प्रदीप उपाध्याय आदि मौजूद रहे।
इन कार्यों का हुआ शिलान्यास
14 करोड़ 10 लाख 77 हजार 598 रुपये के जिन 44 निर्माण कार्यों का शिलान्यास किया गया है। उनमें चार सीसी व इंटरलॉकिंग टाइल्स सड़कें शामिल हैं, जिन पर चार करोड़ तीन लाख रुपये व्यय होगा। वहीं, 7.38 करोड़ की लागत से 21 नालों का निर्माण, 1.20 करोड़ में सात तालाबों की खोदाई व सुंदरीकरण होगा। करीब 1.10 करोड़ की लागत से 11 पार्कों की चहारदीवारी और रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाए जाएंगे।