बाबा साहब के सपनों व सिद्धांतों को साकार करने का संकल्प
देवबंद (सहारनपुर)। सैनपुर गांव में भारतीय बौद्ध महासभा व अंबेडकर शोध एवं मानव विकास संस्थान के तत्वावधान में बाबा साहब के 62वें महा परिनिर्वाण दिवस पर वंदना एवं श्रद्धांजलि समागम आयोजित किया गया। जिसमें विजय घोष ने पूजा वंदना व पंचशील ग्रहण कराया। प्रदेशाध्यक्ष नाथीरत्न बौद्ध ने कहा कि हमें बाबा साहब के सपनों व सिद्धांतों को साकार करने का संकल्प लेना चाहिए। यही उनको सच्ची श्रद्धांजलि होगी। डा. रामकरण बौद्धाचार्य ने कहा कि बाबा साहब मानवतावादी, समतावादी सिद्धांतों के पुरोधा थे। इसलिए राष्ट्र की एकता, समता, बंधुत्व और न्याय की स्थापना के लिए हमें संकल्प लेना चाहिए। इस मौके पर मंडल अध्यक्ष अनुराग सिंह, शिवकुमार, अजय कुमार, संदीप बौद्ध, राजकुमार, आश किरन, साधू, सुलेशचंद आदि रहे।
देवबंद में दी बुद्धिस्ट सोसाइटी ऑफ इंडिया के तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में अनुराग सिंह ने कहा कि बाबा साहब ने अपना संपूर्ण जीवन दलित, पिछड़ा, शोषित, पीड़ित और वंचित समाज के संघर्ष के लिए व्यतीत किया। जिसके परिणामस्वरूप आज दलित व पिछड़ा समाज राष्ट्र की उन्नति में योगदान दे रहा है। उन्होंने कहा कि हमें बाबा साहब का ऋण कभी नहीं भूलना चाहिए। इस मौके पर डा. अजय बौद्ध, मीमन चंद बौद्ध, गौरव कुमार, नाथीरत्न बौद्ध, प्रमिला सिंह आदि रहे।