छुटमलपुर (सहारनपुर)। मासूम शमी और उसकी दोनों बहनें अपने माता पिता के साथ उत्तरकाशी में शादी समारोह में हिस्सा लेने हंसी खुशी एक ही कार से गए थे, लेकिन अनहोनी को कुछ और ही मंजूर था। बुधवार रात छुटमलपुर में जब एंबुलेंस आकर रुकी, तो उसमें से तीनों बच्चों और उनकी मां का शव उतारा गया। इस दृश्य को देखकर वहां मौजूद लोगों का कलेजा कांप उठा।
पीड़ित परिवार के घर पर बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ इकट्ठा थी, जिसमें हर व्यक्ति इस परिवार पर टूटे मुसीबत के पहाड़ की वजह से आंसू बहा रहा था। पीड़ित परिवार के घर से लेकर सड़क तक गमजदा लोग खड़े थे। हादसे पर गम के चलते बाजार पहले से ही बंद हो चुका था। वहीं, परिवार में मौजूद वृद्ध दंपती के तो रोते रोते आंसू सूख गए। पीड़ित परिवार के मकान पर कुछ देर शव रखने के बाद कब्रिस्तान में ले जाए गए। वहां पर चार शवों को सुपुर्द खा करने के लिए पहले से ही कब्र खोदकर तैयार की गई थीं। हादसे में मृतक तहरीन की कब्र के पास ही उनकी बेटी रिजा, नताशा और ढाई वर्षीय बेटे शमी का शव सुपुर्द ए खाक किया गया।