सहारनपुर। कुतुबशेर थाना क्षेत्र के ग्राम बनीखेड़ा में भगीरथ जयंती कार्यक्रम के लिए लगाए गए टेंट को पुलिस ने रात में जाकर उखड़वा दिया। प्रशासन ने कार्यक्रम के आयोजन की अनुमति नहीं दी। जिस पर लोगों ने आक्रोश जताया। बाद में एक व्यक्ति के घेेर में ही भागीरथ जयंती कार्यक्रम का आयोजन किया गया। बनीखेड़ा में शनिवार को आयोजित होने वाले महाराजा भागीरथ जयंती को प्रशासन ने अनुुमति ही नहीं दी। यहां तक कि कुतुबशेर पुलिस रात के लगभग डेढ़ बजे गांव में पहुंची और कार्यक्रम के आयोजन के लिए लगवाए गए टेंट को उखड़वा दिया और आयोजकों को कार्यक्रम का आयोजन न किए जाने की चेतावनी दी। कार्यक्रम में खतौली विधायक विक्रम सैनी मुख्य अतिथि और प्रदेश के आयुष मंत्री धर्मसिंह सैनी विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होना था।
--। हर साल होता है कार्यक्रम का आयोजन
विशाल सैनी समिति के पदाधिकारी गौतम सैनी का कहना है कि हर साल जनमंच में कार्यक्रम का आयोजन होता है, लेकिन इस बार जनमंच में मरम्मत का कार्य चल रहा था। जिस कारण उन्होंने ग्राम बंतीखेड़ा में कार्यक्रम की अनुमति के लिए आवेदन किया था। उन्हें उम्मीद थी कि कार्यक्रम को अनुमति दे दी जाएगी। इस कार्यक्रम में मंत्री धर्मसिंह सैनी के भी पहुंचने की जानकारी प्रशासन को थी। इसलिए उन्होंने तैयारी कर ली थी, लेकिन अंत तक प्रशासन ने अनुमति नहीं दी और पुलिस ने रात के डेढ़ बजे जाकर टेंट उखड़वा दिए।
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--। बिना अनुमति के कर रहे थे कार्यक्रम
कुतुबशेर थाना प्रभारी दीपक चतुर्वेदी का कहना है कि कार्यक्रम के आयोजन की अनुमति नहीं दी गई थी। फिर भी टेंट लगवा दिए गए थे। बिना अनुमति के कार्यक्रम कर रहे थे। इसलिए टेंट हटवा दिया गया।
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--। संक्षिप्त किया गया कार्यक्रम
सहारनपुर। अनुमति न दिए जाने के बावजूद ग्राम बनीखेड़ा में भागीरथ जयंती कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें मुख्य अतिथि खतौली विधायक विक्रम सैनी पहुंचे। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने भागीरथ जयंती कार्यक्रम की अनुमति न देकर सैनी समाज के प्रति द्वेष भावना रखते हुए समारोह को विफल करने का प्रयास किया गया। प्रशासन अधिकारियों ने यह ठीक नहीं किया है। प्रशासन की इस हठधर्मिता की शिकायत मुख्यमंत्री एवं उप मुख्यमंत्री से की जाएगी। उन्होंने कहा कि महाराजा भागीरथ प्रत्येक समाज के आदर्श एवं गौरव के प्रतीक हैं। सभी को उनसे त्याग और बलिदान की भावना की प्रेरणा लेनी चाहिए।
कार्यक्रम में शामिल होने के लिए मंत्री धर्मसिंह सैनी, पहल सिंह सैनी, संदीप सैनी, राजू सैनी, नरेश सैनी, धनपत देवेंद्र सैनी, अतर सिंह सैनी, सोनू सैनी, पदम सैनी, डाक्टर महेंद्र सैनी, अतर सिंह, चंद्र किशोर, नरेंद्र सैनी, गोविंद सैनी, सतीश सैनी, अनुज सैनी, गौतम सैनी, बसंत सैनी, कमल सैनी, मानवेंद्र सैनी, नीतिश सैनी, आदेश सैनी, शगुन सैनी, आजाद सैनी, भारत सैनी मौजूद रहे। अध्यक्षता प्रेम सिंह सैनी ने और संचालन सोनू सैनी ने किया। कार्यक्रम आयोजक समिति के पदाधिकारी गौतम सैनी का कहना था कि अतिथियों को निमंत्रण भेजा जा चुका था, सुबह सभी को आना था। इसलिए एक व्यक्ति के घेर में छोटा कार्यक्रम किया गया।