देवबंद (सहारनपुर)। जमीयत उलमा-ए-हिंद के राष्ट्रीय महासचिव मौलाना सैय्यद महमूद मदनी ने स्वामी अग्निवेश पर झारखंड के पाकुड़ में हुई हमले की कड़ी निंदा की है। मदनी ने कहा कि भीड़ बनाकर जिस तरह से असामाजिक तत्वों ने 80 वर्ष के इस नेता पर हमला किया। वह बेहद निंदनीय और शर्मनाक है।
बुधवार को जारी बयान में मौलाना महमूद मदनी ने कहा कि स्वामी अग्निवेश पर हमला कर उनके कपड़े फाड़ना और मारपीट कर बेइज्जती करना भारतीय संस्कृति व उसके सभ्य समाज को दागदार करने वाला अमल है। सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में हत्यारा भीड़ पर कंट्रोल करने का निर्देश दिया है, लेकिन उसके बावजूद इस तरह के हमले बढ़ है। जो लोकतांत्रिक देश के लिए दुर्भाग्यपूर्ण है। मौलाना मदनी ने कहा कि इस बात की सख्त जरूरत है कि घृणा फैलाने वाले तत्वों के विरुद्ध सभी धर्मों और समाज के लोग संयुक्त रुप से कदम उठाएं। तभी जाकर ऐसी ताकतों को विफल बनाया जा सकता है। उधर, जमीयत के कोषाध्यक्ष व मुस्लिम फंड ट्रस्ट के महाप्रबंधक मौलाना हसीब सिद्दीकी ने भी स्वामी अग्निवेश पर हुए हमले की कड़ी निंदा करते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है। साथ ही कहा कि स्वामी अग्निवेश साफ सुथरी छवि के व्यक्ति हैं जिन पर किसी भी प्रकार का आरोप नहीं लगा है। उसके बावजूद उन पर इस तरह का हमला किया जाना शर्मनाक है।