नानौता। दो दिन पूर्व सड़क दुर्घटना में मारे गए चचेरे भाइयों के शव पीएम के बाद गांव में पहुंचने पर पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। दोपहर के समय भारी भीड़ के बीच बेहद गमगीन माहौल में दोनों के शवों को सुपुर्द-ए-खाक किया गया। चचेरे भाइयों की मौत से गांव में अधिकतर घरों में चूल्हे तक नहीं जले।
शनिवार को बाबुपुरा गांव की गलियों में जहां हर तरफ सन्नाटा पसरा रहा। शवों के पोस्टमार्टम के पश्चात गांव में पहुंचने पर दोपहर करीब 12 बजे भारी भीड़ के बीच दोनों शवों को सुपुर्द-ए-खाक किया गया। आमिर अपने मां-बाप का इकलौता लाल था। प्रवेज केरल में रहकर सैलून चलाता था जो 15 दिन पहले ही अपनी मां की मौत हो जाने के चलते गांव आया था। वहीं आमिर नगर के ब्राइट होम पब्लिक स्कूल में कक्षा 9 का छात्र था। इसके चलते स्कूल के प्रधानाचार्य अहमद खान ने आमिर की मौत पर श्रद्धांजलि अर्पित कर स्कूल में अवकाश की घोषणा की। ज्ञात रहे कि दो दिन पूर्व दिल्ली-यमुनोत्री हाईवे पर बाइक सवार दोनों भाइयों की उस समय दुर्घटना में मृत्यु हो गई थी जब पीछे से आ रही रोडवेज बस ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी थी।