सहारनपुर। दिव्यांग लड़की के साथ दुष्कर्म करने के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट ने युवक को दस वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही दो हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
सहायक शासकीय अधिवक्ता सतीश कुमार सैनी ने बताया कि पांच जनवरी 2017 को क्षेत्र के एक गांव में शादी समारोह था, जिसमें गांव बुड्ढाखेड़ा कादला निवासी धर्मेेंद्र भी शामिल होने आया था। उस दिन रात में गांव में रहने वाली दिव्यांग लड़की जंगल गई थी, तब धर्मेद्र ने उसके साथ दुष्कर्म किया था। पीड़िता के भाई ने थाना बिहारीगढ़ में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने विवेचना के बाद कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किया था। इस मामले में तमाम गवाहों को सुनने और साक्ष्यों को देखने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक बाकर शमीम रिजवी ने धर्मेंद्र को दस वर्ष के कारावास की सजा सुनाई और दो हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है।