रामपुर। पाकिस्तान से आए टिड्डी दल को लेकर दोबारा अलर्ट जारी किया गया है। जिसके बाद इस टिड्डी टेरर से निपटने के लिए जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ वॉर प्लान तैयार किया गया। जिसमें किस प्रकार टिड्डी दल को समाप्त करना है, इसके लिए उपलब्ध दवा और माउंटेड स्प्रे, टैंकर आदि की उपलब्धता, निगरानी को लेकर तैयार प्लान से लेकर किसानों को जागरूक करने और कंट्रोल रूम नंबर तक की समीक्षा की गई।
पाकिस्तान से करोड़ों की संख्या में टिड्डी प्रदेश में किसानों की फसलों के लिए बड़ा खतरा बन गए हैं। हवा के रुख के साथ इनका हमला प्रदेश के किसी भी जिले में हो सकता है। लिहाजा रामपुर में अगर टिड्डी दल का हमला होता है तो उससे निपटने के लिए कितने सक्षम हैं और कितने संसाधन और दवाएं उपलब्ध हैं। इन सब बातों को विकास भवन सभागार में समीक्षा कर विभागवार जिम्मेदारी सौंपी गई। बैठक में एसडीएम, राजकीय उद्यान विभाग, कृषि विभाग, गन्ना विभाग, कृषि रक्षा इकाई, चीनी मिलों के जीएम समेत अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
टिड्डी दल से निपटने के लिए जिले में कौन विभाग कितना तैयार
सभी नगर पालिकाओं में माउंटे स्प्रे और पानी के टैंकर तैयार कर दिए गए हैं।
अग्नि शमन विभाग की ओर से भी नगर क्षेत्र में पानी के भरे टैंकर 24 घंटे तैयार रहेंगे।
कृषि रक्षा, गन्ना व राजकीय उद्यान विभाग के पास 50 से अधिक माउंटेड स्प्रे उपलब्ध हैं।
जिले में तीन हजार लीटर से अधिक दवा की उपलब्धता है।
किसानों को संदेश भेजकर व संपर्क करके टिड्डी हमले के प्रति जागरूक और बचाव के तरीके बताए जा रहे हैं।
किसानों से अपील है कि वो अपने खेतों में क्लोरोपाइरीफास या राकेट का छिड़काव करते रहें।
गन्ना व कृषि रक्षा इकाई के कंट्रोल रूम नंबर
गन्ना विभाग का कंट्रोल रूम नंबर 7081202319 बनाया गया है।
कृषि रक्षा इकाई की ओर से बनाए गए कंट्रोल रूम नंबर में चमरौआ क्षेत्र के लिए 8006677476, सैदनगर क्षेत्र के लिए 9411006353 और 9411227339, स्वार क्षेत्र के लिए 9557621910, बिलासपुर क्षेत्र के लिए 8077504087, मिलक क्षेत्र के लिए 9568567370, शाहबाद क्षेत्र के लिए 7618660820 और 8630885257 नंबर जारी किए गए हैं।
टिड्डी दल से निपटने के लिए जिले में पर्याप्त संसाधन और दवाएं उपलब्ध हैं। अभी से बचाव को लेकर भी सभी कार्य किए जा रहे हैं। गुरुवार को जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक में विभागवार तैयारियों की जानकारी दी गई व जिम्मेदारी सौंपी गई है। किसानों से अनुरोध है कि वो सचेत रहें और दवा का छिड़काव करते रहें। टिड्डी दल दिखाई देने पर तुरंत कंट्रोल रूम को सूचित करें और धुआं व शोर कर उसे भगाएं।
- चंद्रगुप्त सागर, जिला कृषि अधिकारी