जीत की उम्मीद में चहकते आए थे। ईवीएम ने जैसे ही नतीजे उगले वैसे-वैसे नेताओं के चेहरे से रंगत उड़ने लगी। मायूसी छाने लगी।
अंत में वे बेहद मायूस होकर लौटे।सबसे भाजपा और बसपा के नेताओं में मायूसी सबसे ज्यादा दिखी क्योंकि उन्हें जीत की सबसे ज्यादा उम्मीद थी। मतगणना केंद्र तक सुबह सभी जीत की उम्मीद लेकर आए थे। ले्किन नतीजों ने आखिर में रोने पर मजबूर किया।
रामपुर में शिव बहादुर सक्सेना, डॉ तनवीर, नवाब काजिम अली उर्फ नवेद मियां जैसी सख्सियतें बेहद मायूस होकर लौटीं।