रामपुर। जिला जज और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष गौरव कुमार श्रीवास्तव के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रमेश कुशवाहा द्वारा राजकीय संप्रेक्षण गृह (किशोर) मुरादाबाद का वर्चुअल कांफ्रेंस के माध्यम से निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के समय सहायक अधीक्षक सर्वेश कुमार श्रीवास्तव उपस्थित मिले। उनके द्वारा बताया गया कि वर्तमान में जनपद रामपुर, संभल, अमरोहा, बिजनौर एवं मुरादाबाद के कुल 121 किशोर आवासित हैं, जबकि क्षमता 50 किशोरों की है। जनपद रामपुर के मात्र 11 किशोर हैं। सचिव द्वारा संस्था में सात वर्ष के दंड से दंडित मामलों में जेल में निरुद्ध किशोरों को अंतरिम जमानत पर रिहा किए जाने के लिए पात्र किशोरों के बारे में जानकारी ली गई। अधीक्षक द्वारा बताया गया की जनपद रामपुर के तीन किशोर पात्र हैं।
उन्होंने अधीक्षक को निर्देश दिए कि उनको अंतरिम जमानत पर रिहा किए जाने के लिए प्रार्थना पत्र जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को अविलंब उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। संस्था में आवासित किशोरों से उनके खाने-पीने, कपड़े एवं साफ-सफाई के बारे में पूछा गया, तो उनके द्वारा बताया गया कि संस्था में खाना समय से मैन्यू चार्ट के अनुसार दिया जाता है एवं कपड़े धोने एवं नहाने के लिए साबुन उपलब्ध कराया जाता है। साफ-सफाई का कार्य सफाई कर्मचारियों द्वारा कराया जाता है। अधीक्षक द्वारा बताया गया कि किशोरों के द्वारा एल्युमिनियम के तार से डलिया आदि बनाए जाने का कार्य किया जा रहा है। सचिव द्वारा कोविड-19 हेल्प डेस्क, पीने के पानी की व्यवस्था, टायलेट-बाथरूम की साफ सफाई, सुरक्षा व्यवस्था आदि का निरीक्षण किया गया। पीने के पानी के लिए आर-ओ लगा हुआ है एवं साफ सफाई पर्याप्त पाई गई। सुरक्षा व्यवस्था के लिए होमगार्ड तैनात पाए गए एवं सीसीटीवी कैमरे लगे हुए है। सचिव द्वारा किशोरों को कोविड-19 महामारी के संबंध में भारत सरकार एवं शासन की गाइडलाइन का अनुपालन करते हुए आपस में दो गज की दूरी एवं मास्क का प्रयोग आवश्यक रूप से किए जाने एवं समय समय पर साबुन से हाथ धोने के बारे में बताया गया।