शाहबाद (रामपुर)। मदारपुर-जयतोली पुल को जोड़ने वाली सड़क पहली ही बरसात में उखड़ने लगी है। इससे न सिर्फ राहगीरों को परेशानी झेलनी पड़ रही है बल्कि हादसों का भी खतरा बना हुआ है। वहीं 59 करोड़ रुपये की परियोजना के कार्यों पर सवाल उठने लगे हैं।
शाहबाद से रामपुर जाने के लिए यह नया मार्ग लोगों के लिए काफी सुविधाजनक साबित हुआ है। पुल बनने से दूरी और समय दोनों की बचत हो रही है लेकिन मार्ग पर बने तीव्र मोड़ और सड़क की खराब हालत वाहन चालकों के लिए परेशानी का सबब बन रही है। मढ़ेया बदे गांव के पास तीव्र मोड़ पर सड़क का एक बड़ा हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। यहां से गुजरते समय कई वाहन अनियंत्रित होकर पलटने से बाल-बाल बच चुके हैं, जबकि बाइक सवारों के चोटिल होने की भी बात सामने आई है।
ग्रामीणों के अनुसार, निर्माण के बाद शुरुआती दिनों से ही सड़क के क्षतिग्रस्त होने का सिलसिला शुरू हो गया था लेकिन बारिश के बाद स्थिति और खराब हो गई है। कई स्थानों पर सड़क किनारे गहरे और खतरनाक गड्ढे बन गए हैं। जलनिकासी के लिए बनाई गई पुलियों के आस-पास भी सड़क धंसने लगी है। बरसात में सड़क के दोनों ओर की मिट्टी भी धंस गई है। ग्रामीणों का कहना है कि पहली बरसात में ही बदहाल हुई सड़क से निर्माण कार्य की गुणवत्ता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता ने बताया कि अभी यह सड़क सेतु निगम के पास ही है। लोक निर्माण विभाग को हैंडओवर नहीं हुई है। जहां-जहां सड़क क्षतिग्रस्त हुई है, वहां पर सेतु निगम के कर्मचारी काम कर रहे हैं। दूसरी ओर सेतु निगम के एई अनूप शर्मा ने बताया कि क्षतिग्रस्त हुई सड़कों की मरम्मतीकरण का कार्य किया जा रहा है।
शाहबाद-रामपुर रोड भी बदहाल
शाहबाद। शाहबाद-रामपुर रोड भी जगह-जगह से क्षतिग्रस्त होने के कारण राहगीरों और वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सड़क पर बने गहरे गड्ढे वाहन चालकों के लिए मुसीबत बने हुए हैं। बारिश होने के बाद इन गड्ढों में पानी भर जाने से गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता, जिससे हादसे का खतरा और बढ़ जाता है। शाहबाद-रामपुर मार्ग पर मंडी, रामगंगा पुल और रेबड़ी कलां के पास सड़क की हालत ज्यादा खराब है। कई बार अचानक गड्ढे में पहिया चले जाने से वाहन अनियंत्रित हो जाते हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि मार्ग को जल्द दुरुस्त कराया जाना चाहिए। संवाद
मेरी आवाज सुनो : रोडवेज डिपो में जर्जर सड़क से यात्रियों को दिक्कत। संवाद