भोट (रामपुर)। केन्द्र सरकार द्वारा पारित कृषि बिलों के विरोध में टोल प्लाजा पर अनिश्चकतकालीन धरने पर बैठे किसानों ने किसान विरोधी तीन कृषि कानून बनाने का आरोप लगाया। इस दौरान क्षेत्र में हो रही विद्युत कटौती पर भी रोष जताया तथा बिजलीघर में आंदोलन करने की चेतावनी दी।आक्रोशित किसानों ने केन्द्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी और प्रदर्शन कर कृषि कानूनों को वापस किए जानें की मांग की।
केन्द्र सरकार द्वारा पारित कृषि कानूनों को वापस किए जाने की मांग को लेकर भारतीय किसान यूनियन के मंडल उपाध्यक्ष मो तालिब के नेतृत्व में नेशनल हाइवे में कोयला टोल प्लाजा में किसानों का धरना 40वें दिन भी जारी रहा। इस दौरान आक्रोशित किसानों ने केन्द्र सरकार पर उद्योगपतियों के दबाव में काम करने का आरोप लगाते हुए जमकर कोशा तथा नारेबाजी कर विरोध प्रदर्शन किया। मौजूद किसानों को सम्बोधित करते हुए मंडल उपाध्यक्ष मो तालिब ने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा बनाये गये तीनों कानूनों के लागू होने से देश के किसानों की कमर ही टूट जाएगी। केन्द्र सरकार पूंजीपतियों को खुश करने किसानों को गुलाम बनाना चाहती है,इसलिए उद्योपतियों से तो वार्ता कर रही है, लेकिन किसानों से वार्ता को तैयार नहीं है।तीनों कृषि कानूनों से किसानों को सिर्फ नुकसान होगा और उद्योगपतियों को फायदा ही फायदा मिलेगा।देश के किसानों के साथ सौतेला व्यवहार किसी भी कीमत में बरदाश्त नहीं किया जाएगा।जब तक केन्द्र सरकार तीनों कृषि कानूनों को वापस नहीं करेगी पूरे देश में किसानों का आंदोलन जारी रहेगा।वहीं क्षेत्र में हो रही विद्युत कटौती पर रोष जताते हुए कहा कि शहरों को 24 घंटे बिजली दी जा रही है। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में किसान रहते हैं तो आठ घंटे भी विद्युतापूर्ति नही मिल पा रही है। यही सरकार का सौतेला व्यवहार है। किसानों का उत्पीड़न किसी भी हाल में बर्रदाश्त नहीं किया जाएगा।ग्रामीण क्षेत्रों में भी विद्युतापूर्ति 24 घंटे नहीं की गयी तो किसान बिजलीघर में ही आंदेालन करेगें। इस दौरानतहसील अध्यक्ष इरफान हसन, छिद्दा अली,अब्दुल मुस्तफा, नदीम अहमद,मुनव्वर आलम,मोहम्मद रिजवान, जलीस अहमद,सगीर अहमद,मोहम्मद फरीद,शकील अहमद,सफीक,अमीर अहमद,जगदीप सिंह,सतनाम सिंह,अबरार हुसैन,शाकिर अली,दुर्गा प्रसाद,मोहम्मद राशिद,दिलशाद हुसैन,मुजफ्फर अली,मोहनलाल,राम अवतार आदि मौजूद रहे।