मतगणना शुरू होने से पहले उम्मीदवार या उसके एजेंट की मौजूदगी में मतपेटियों की बारीकी से जांच पड़ताल कराई जाएगी। इनकी संतुष्टि के बाद ही मतगणना का काम शुरू कराया जाएगा। प्रत्येक मतपेटियों की सील न टूटी हो इसकी जांच कराई जाएगी। जिला और क्षेत्र पंचायत के सदस्य पद के लिए मतगणना का काम एक नवंबर को कराया जाएगा।
मतगणना पूरी तरह निष्पक्ष ढंग से हो इसके लिए आयोग की ओर से व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं। आयोग की ओर से जारी किए निर्देश के मुताबिक मतगणना का काम सुबह आठ बजे शुरू कर दिया जाए। मतगणना शुरू होने से पहले स्ट्रांग रूम से मतपेटियों को निकालकर टेबल पर लाई जाए।
पहले से मौजूद प्रत्याशी या उनके एजेंट की मौजूदगी में मतपेटियों की सील की जांच कराई जाए। मतपेटियों को भली भांति इनको दिखाना होगा। इसके बाद प्रत्याशियों की संतुष्टि के बाद ही मतपेटियों की सील को तोड़ा जाए। इसके बाद मतगणना शुरू कराई जाए।
आदेश में कहा गया है कि मतपेटियों में यदि कहीं कोई गड़बड़ी पाई जाती है या सील टूटी हुई पाई जाती है, ऐसी स्थिति में मतगणना स्थगित कराई जा सकती है। आयोग ने साफ किया है कि मतगणना की गोपनीयता को बनाया जाए। किसी भी प्रकार की इसमें लापरवाही नहीं बरती जाए।