रामपुर। राज्यसभा सदस्य और सांसद आजम खां की पत्नी डॉ. तजीन फात्मा ने हमसफर रिसोर्ट पर प्रशासन की कार्रवाई को साजिश का हिस्सा बताया है। उन्होंने कहा कि जो दीवार गिराई गई है कि वह रिसोर्ट की नहीं है, बल्कि खेती की जमीन की दीवार है। जो नाला वहां से गुजर रहा है वह सिंचाई विभाग ने बाद में बनवाया था।
शनिवार को प्रेस कांफ्रेंस कर डॉ. फात्मा ने कहा कि वहां दीवार पहले से थी और नाला बाद में बनवाया गया है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब वहां दीवार थी तो उसके अंदर नाला क्यों बनवाया गया। प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल खड़ा करते हुए कहा उन्होंने सिर्फ दो दिन का नोटिस दिया गया था। क्या 2 दिन के नोटिस में कोई चीज तोड़ी जा सकती है और दो दिन का समय भी पूरा नहीं हुआ था और उन्होंने दीवार तोड़ दी। डॉ. फात्मा के अनुसार रिसोर्ट की दीवार 25-30 साल पुरानी थी, रिसोर्ट 25- 30 साल पहले से बनना शुरू हुआ था उन्होंने कहा हम पति-पत्नी की जिंदगीभर की पूरी कमाई रिसोर्ट में लगी है। उन्होंने प्रशासन की कार्रवाई को गलत बताते हुए कहा 30 साल पहले ग्रीन बेल्ट नहीं थी, आरडीए भी नहीं था और उस वक्त की जो कार्रवाई होती थी उसके हिसाब से हमने सारे नियमों का पालन किया था ।
उन्होंने कहा जाहिर सी बात है हम हर मामले में कोर्ट ही जाएंगे। प्रशासन एक साजिश के तौर पर काम कर रहा है । जिलाधिकारी नेे रामपुर आने के बाद मेरे पति (आजम खां) का शस्त्र निलंबित कर दिया । उन्हें एक आपराधिक छवि वाला घोषित किया। डॉ. फात्मा ने कहा कि यूनिवर्सिटी की सारी जमीनों की रजिस्ट्री हुई हैं और उनके चेक से पेमेंट हुए हैं अगर एक आध बीघा रह भी गया है तो हो सकता है साजिश के तहत जो लोग हैं उन्होंने छोड़ दिया हो। उन्होंने मौजूदा सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा प्रशासन की हर कार्रवाई एक साजिश है जो सरकार से मिलकर प्रशासन कर रहा है जिसके खिलाफ हम कोर्ट जाएंगे। प्रशासन द्वारा आजम खां के खिलाफ बैठाई गई जांच पर सवालिया निशान खड़ा करते हुए तजीन फात्मा ने कहा यह जो जांच समितियां हैं। यह वही तीन-चार अधिकारी हैं जिन्हें डीएम अपने साथ लेकर चलते हैं एक जिले से दूसरे जिले में और वहीं अधिकारी जांच करते हैं। जाहिर सी बात है जांच उनकी मनमर्जी की ही होगी।