रामपुर। मसवासी क्षेत्र के जमना-जमनी इलाके में तेंदुए का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। शनिवार रात करीब 10 बजे सीतारामपुर निवासी अरुण सैनी पर तेंदुए ने हमला कर उसे घायल कर दिया। इससे एक दिन पहले सुल्तानपुर पट्टी निवासी मोहम्मद शाहिद भी तेंदुए के हमले में घायल हुए थे। लगातार दो दिनों में हुए हमलों से ग्रामीणों में दहशत है और वन विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं।
अरुण सैनी अपने साथियों के साथ बाइक से खेत से घर लौट रहा था। रास्ते में खेत में घात लगाए बैठे तेंदुए ने अचानक उस पर हमला कर दिया। तेंदुए के पंजे लगने से अरुण के पैर में चोट आई। शोर सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे तो तेंदुआ खेतों की ओर भाग गया। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घायल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया, जहां उसका उपचार चल रहा है।
लगातार हो रहे हमलों से ग्रामीणों में आक्रोश है। ग्रामीण चीनू परमार, दरबार सिंह और गोगा सिंह का कहना है कि हर घटना के बाद वन विभाग केवल पिंजरा लगाकर औपचारिकता पूरी कर देता है, लेकिन तेंदुए को पकड़ने के लिए प्रभावी अभियान नहीं चलाया जा रहा। उनका कहना है कि जब तक तेंदुआ नहीं पकड़ा जाएगा, तब तक लोगों की जान जोखिम में बनी रहेगी। ग्रामीणों ने वन विभाग के उच्च अधिकारियों से प्रभावित क्षेत्र में लगातार गश्त, निगरानी बढ़ाने और तेंदुए को शीघ्र पकड़ने की मांग की है।
वन क्षेत्राधिकारी रामकुमार ने बताया कि विभाग की टीम तेंदुए की लगातार निगरानी कर रही है। जल्द ही तेंदुए को पकड़ लिया जाएगा।