रामपुर। शहर के साथ जिले के लोगों के लिए बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं देने पर कार्य किए जा रहे हैं। अब एक ही छत के नीचे कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से लेकर हर छोटी-बड़ी बीमारी की जांच हो होगी। जिसके लिए जिला अस्पताल में आईपीएचएल ( इंटीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लेबोरेट्री ) लैब की स्थापना होगी। जिसके लिए स्वास्थ्य विभाग रामपुर की ओर प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। शासन से मुहर लगने के बाद आईपीएचएल निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
कैंसर की जांच के लिए मरीजों को बरेली, मुरादाबाद, मेरठ और दिल्ली जाना पड़ता है। जल्द मरीजों को जिला अस्पताल में ही गंभीर बीमारियों की जांच की सुविधा मिलेगी। एक ही छत की नीचे आईपीएचएल लैब में एडवांस जांचें हो सकेंगी, इसके साथ अभी जो पुरानी जांचे हो रही हैं वह सभी जांचे एक छत के नीचे आ जाएंगी। मरीजों को पर्चा बनवाने के बाद जहां-तहां भटकना नहीं पड़ेगा। अभी इसके लिए प्रस्ताव तैयार किया जा चुका है। जगह चिह्नित होने के बाद इस्टीमेट शासन को भेजा जाएगा। मौजूदा समय में कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के लिए लोग जांच कराने के लिए बरेली, लखनऊ और दिल्ली का रुख करते हैं। रामपुर स्वास्थ्य विभाग द्वारा गंभीर बीमारी के मरीजों की जांच को लेकर एक बड़ा कदम उठाने जा रही है। जल्द गंभीर बीमारी की जांच रामपुर के जिला अस्पताल में संभव हो सकेगी। जिसके लिए आईपीएचएल लैब की स्थापना होगी, जिसमें कैंसर सहित अन्य बीमारियों की जांच एक ही छत के नीचे हो सकेगी। लैब में महंगा खर्चा कर होने वाली सीमन एनालाइसिस, हार्ट, हार्मोनल, कल्चर टेस्ट और अन्य कई प्रकार की जांचें यहां पर हो सकेंगी।
अभी तक होती हैं ये जांचें
जिला अस्पताल में संचालित पैथोलॉजी लैब में अभी तक सीबीसी, एलएफटी, विटामिन-डी समेत अन्य जांचें होती हैं। सभी लैब को आईपीएचएल लैब के अंदर समायोजित किया जाएगा। इसके लिए अभी प्रस्ताव को तैयार किया जा रहा है। जिससे एक ही छत के नीचे सभी जांच हो सकेंगी।
कार्यदायी संस्था का हुआ चयन
अधिकारियों ने बताया कि आईपीएचएल लैब को तैयार करने के लिए कार्यदायी संस्था का चयन कर लिया गया है। इस पर यूपीसीएलडीएफ काम करेगी और आकर्षक लैब तैयार करेगी।
2025 तक होगा निर्माण कार्य पूरा
सीएमएस डॉ. एचके मित्रा ने बताया कि इस लैब का निर्माण 2025 तक पूरा कराया जाना है। इसलिए अभी से कवायद शुरू कर दी गई है। प्रस्ताव तैयार होने और स्वीकृति मिलने के बाद इसका निर्माण कार्य शुरू करवा दिया जाएगा। जिला अस्पताल में अभी तक हो रहीं जांच भी आईपीएचएल लैब में समायोजित की जाएंगी। वह भी एक छत के नीचे चली जाएंगी। अभी प्रस्ताव तैयार हो रहा है। जगह चिह्नित करने के बाद इस्टीमेट तैयार किया जाएगा।